✕

होम / बिजनेस / Akshata Murty की झोली में गिरे 138 करोड़ रुपए, बैठे-बैठे ही हो गई कमाई! 

Akshata Murty की झोली में गिरे 138 करोड़ रुपए, बैठे-बैठे ही हो गई कमाई! 

अक्षता मूर्ति के पास इंफोसिस के शेयर हैं. कंपनी ने हाल ही में अपने निवेशकों को डिविडेंड देने की बात कही है, इससे अक्षता को भी बड़ा फायदा होने वाला है.

बिजनेस वर्ल्ड ब्यूरो 3 years ago

आईटी कंपनी इंफोसिस (Infosys) के संस्थापक नारायण मूर्ति की बेटी और ब्रिटेन के प्रधानमंत्री ऋषि सुनक की पत्नी अक्षता मूर्ति (Akshata Murty) की दौलत को पंख लग गए हैं. इस साल उनकी नेटवर्थ में कम से कम 138 करोड़ रुपए का इजाफा हुआ है और उसकी वजह है इंफोसिस का एक फैसला. दरअसल,  चालू वित्त वर्ष की दूसरी तिमाही के नतीजों से उत्साहित इंफोसिस ने डिविडेंड देने का निर्णय लिया है. कंपनी एक शेयर पर 18 रुपए का डिविडेंड देगी. ऐसे में जिसके पास इंफोसिस के शेयर बड़ी संख्या में हैं उनकी बैठे-बैठे तगड़ी कमाई होने वाली है और अक्षता मूर्ति में उन्हीं में से एक हैं.

इस तरह हो रही है कमाई
मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार, अक्षता मूर्ति के पास 3,89,57,096 शेयर हैं. वह इंफोसिस के प्रमोटरों में भी शामिल हैं. अक्षता की कंपनी में मौजूदा हिस्सेदारी 1.05 प्रतिशत है. कंपनी के डिविडेंड के फैसले से अक्षता मूर्ति को करीब 70 करोड़ रुपए का फायदा होगा. कंपनी ने इससे पहले अप्रैल तिमाही के नतीजों के बाद भी डिविडेंड की घोषणा की थी. उस समय 17.50 रुपए का अंतरिम डिविडेंड दिया गया था. जिसके चलते अक्षता को 68 रुपए का फायदा हुआ था. इस हिसाब से देखें तो चालू वित्त वर्ष में उनकी नेटवर्थ में 138 करोड़ रुपए का इजाफा हो जाएगा. यहां ये भी जानना जरूरी है कि अक्षता को चालू वित्त वर्ष के दूसरे डिविडेंड का लाभ तभी मिलेगा, जब वह अपने शेयरों को 25 अक्टूबर तक होल्ड करके रखेंगी.

कंपनी पर लगने वाला है ताला
अक्षता मूर्ति की दौलत में भले ही बड़ा इजाफा हुआ हो, लेकिन उनकी कंपनी 'कैटामरान वेंचर्स यूके लिमिटेड' (Catamaran Ventures UK Ltd) पर ताला लगने जा रहा है. हाल ही में खबर आई थी कि अक्षता की इन्वेस्टमेंट कंपनी बंद होने वाली है. 'कैटामरान वेंचर्स यूके लिमिटेड' को अक्षता ने 2013 में शुरू किया था. उस समय कंपनी को आगे बढ़ाने के लिए ऋषि भी अक्षता की मदद करते थे, लेकिन बाद में उन्होंने कंपनी के निदेशक के पद से इस्तीफा दे दिया. अब ऋषि ब्रिटेन की प्रधानमंत्री हैं, तो उनसे 'कैटामरान वेंचर्स' पर ध्यान देने की उम्मीद बेमानी है. हालांकि, कंपनी के बंद होने का ये कारण नहीं है.

भारी पड़े गलत फैसले   
कैटामरान वेंचर्स यूके लिमिटेड Infosys में अक्षता के शेयरों से हासिल राशि के एक निवेश साधन के तौर पर काम करती रही है. 2015 में ऋषि सुनक के निदेशक पद से इस्तीफा देने के बाद से अक्षता कंपनी की एकमात्र डायरेक्टर हैं. पिछले साल कंपनी के इन्वेस्टमेंट का मूल्य लगभग 38 लाख पाउंड रहा, जो 2021 के 35 लाख पाउंड से अधिक है. जबकि अक्षता मूर्ति का बकाया 46 लाख पाउंड से अधिक था. अब सवाल ये उठता है कि आखिर 'कैटामरान वेंचर्स यूके लिमिटेड' को बंद करने की नौबत क्यों आई? दरअसल, इसकी वजह है गलत कंपनियों में निवेश. कैटामरान वेंचर्स ने जिन वेंचर्स में निवेश किया, उनका रिटर्न बहुत अच्छा नहीं रहा. उदाहरण के तौर पर कैटामरान के निवेश वाले एजुकेशन स्टार्टअप 'मिसेज वर्डस्मिथ (Mrs Wordsmith) ब्रिटिश सरकार की Future Fund नामक महामारी सहायता योजना से 6.5 लाख पाउंड हासिल करने के 6 महीने के भीतर ही बंद हो गया. इसके अलावा, कैटामरान के निवेश वाली फर्नीचर कंपनी न्यू क्राफ्ट्समैन भी नवंबर-22 में बंद हो गई.

विवादों में घिरी रही कंपनी
अक्षता की कंपनी ने एजुकेशन टेक्नोलॉजी बिजनेस से जुड़ी फर्म स्टडी हॉल में भी पैसा लगाया था. इस फर्म को पिछले साल सरकारी संस्था इनोवेट यूके से 3.50 लाख पाउंड का अनुदान भी मिला, लेकिन विपक्षी दल लेबर पार्टी ने इस पर सवाल उठा दिए. अक्षता और उनकी कंपनी की मुश्किलें तब और बढ़ गईं जब बच्चों की देखभाल से जुड़ी संस्था Koru Kids में अक्षता के निवेश और इसके सरकार की योजना से लाभान्वित होने की बात सामने आई. विपक्ष ने इस मुद्दे पर जमकर बवाल काटा, जिसका असर कंपनी की छवि पर भी पड़ा. एक्सपर्ट्स मानते हैं कि यदि निवेश का बेहतर रिटर्न मिला होता, तो 'कैटामरान वेंचर्स यूके लिमिटेड' को बंद करने की नौबत नहीं आती.


टैग्स
सम्बंधित खबरें

भारत के निजी क्षेत्र की ग्रोथ 4 महीने के उच्च स्तर पर, सर्विस सेक्टर ने पकड़ी रफ्तार

अक्टूबर में HSBC कंपोजिट PMI बढ़कर 56.7 पर पहुंचा, निर्यात ऑर्डर में जून 2025 के बाद सबसे तेज उछाल; मैन्युफैक्चरिंग की रफ्तार थोड़ी धीमी, रोजगार वृद्धि भी सुस्त

2 hours ago

मुंबई एशिया-प्रशांत के टॉप 20 वेल्थ हब में शामिल, वैश्विक रैंकिंग में 91वें स्थान पर: रिपोर्ट

सैविल्स की रिपोर्ट में खुलासा, भारत में तेजी से बढ़ रही संपत्ति निर्माण की भूमिका; निवेश, उत्तराधिकार योजना और रियल एस्टेट पर परिवारों का जोर

4 hours ago

अडानी एनर्जी का मुनाफा 148% उछला, रेवेन्यू 10,076 करोड़ रुपये के पार; कर्ज में भी बढ़ोतरी

कंपनी के तिमाही नतीजों में मुनाफे और रेवेन्यू की मजबूत वृद्धि के साथ खर्च और कर्ज में बढ़ोतरी भी अहम पहलू हैं. निवेशकों के लिए कंपनी की आय में आगे होने वाली वृद्धि, खर्च पर नियंत्रण और कर्ज के स्तर में बदलाव पर नजर रखना महत्वपूर्ण होगा.

6 hours ago

AI एजेंट्स से बैंकों पर साइबर हमले का खतरा, RBI ने जारी की सख्त गाइडलाइंस; जानें क्या बदलेंगे नियम

आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) की मदद से साइबर हमलों की रफ्तार बढ़ने के बीच केंद्रीय बैंक ने एडमिन एक्सेस, पासवर्ड, API और रियल-टाइम निगरानी को लेकर सख्ती बरतने को कहा है.

7 hours ago

बाजार में आज लौटेगी रौनक या जारी रहेगी गिरावट? गिफ्ट निफ्टी उछला, क्रूड $113 पार; इन शेयरों पर रखें नजर

गुरुवार, 22 अक्टूबर को बीएसई सेंसेक्स 460.30 अंक यानी 0.62 फीसदी गिरकर 73,249.39 पर बंद हुआ. वहीं, निफ्टी 50 में 123.70 अंक यानी 0.54 फीसदी की गिरावट आई और यह 22,687.65 पर बंद हुआ.

7 hours ago


बड़ी खबरें

भारत के निजी क्षेत्र की ग्रोथ 4 महीने के उच्च स्तर पर, सर्विस सेक्टर ने पकड़ी रफ्तार

अक्टूबर में HSBC कंपोजिट PMI बढ़कर 56.7 पर पहुंचा, निर्यात ऑर्डर में जून 2025 के बाद सबसे तेज उछाल; मैन्युफैक्चरिंग की रफ्तार थोड़ी धीमी, रोजगार वृद्धि भी सुस्त

2 hours ago

दिल्ली की हवा फिर हुई खराब, AIIMS के पास AQI 255 पर पहुंचा; सांस के मरीजों की बढ़ सकती है परेशानी

दिल्ली में वायु प्रदूषण बढ़ने से हवा की गुणवत्ता खराब श्रेणी में पहुंच गई है. CPCB के आंकड़ों के मुताबिक, शुक्रवार सुबह AIIMS के आसपास वायु गुणवत्ता सूचकांक 255 दर्ज किया गया.

4 hours ago

enGen Global ने पीयूष गुप्ता को टेक्नोलॉजी और इनोवेशन का प्रमुख नियुक्त किया

आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI), डेटा और प्रोडक्ट डेवलपमेंट में 27 साल से अधिक का अनुभव, हेल्थकेयर टेक्नोलॉजी और डिजिटल बदलाव को गति देने की होगी जिम्मेदारी

3 hours ago

मुंबई एशिया-प्रशांत के टॉप 20 वेल्थ हब में शामिल, वैश्विक रैंकिंग में 91वें स्थान पर: रिपोर्ट

सैविल्स की रिपोर्ट में खुलासा, भारत में तेजी से बढ़ रही संपत्ति निर्माण की भूमिका; निवेश, उत्तराधिकार योजना और रियल एस्टेट पर परिवारों का जोर

4 hours ago

अडानी एनर्जी का मुनाफा 148% उछला, रेवेन्यू 10,076 करोड़ रुपये के पार; कर्ज में भी बढ़ोतरी

कंपनी के तिमाही नतीजों में मुनाफे और रेवेन्यू की मजबूत वृद्धि के साथ खर्च और कर्ज में बढ़ोतरी भी अहम पहलू हैं. निवेशकों के लिए कंपनी की आय में आगे होने वाली वृद्धि, खर्च पर नियंत्रण और कर्ज के स्तर में बदलाव पर नजर रखना महत्वपूर्ण होगा.

6 hours ago