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भारत अधिकतम प्रभाव के लिए विस्तार योग्य मॉडल को प्राथमिकता दे रहा है: जितिन प्रसाद
जितिन प्रसाद ने कहा सरकार नवाचार को प्रोत्साहित करने के लिए संतुलित नियमन, किफायती तकनीकी पहुंच और कौशल विकास पर जोर दे रही है.
बिजनेस वर्ल्ड ब्यूरो 2 months ago
केंद्रीय इलेक्ट्रॉनिकी और सूचना प्रौद्योगिकी राज्य मंत्री जितिन प्रसाद ने सोमवार को कहा कि भारत में कृत्रिम बुद्धिमत्ता कौशल की पैठ सबसे अधिक है और देश ने नवाचार को फलने-फूलने देने के लिए अत्यधिक नियमन से दूर रहने का रास्ता चुना है.
नीतियों में लचीलापन और निरंतर सुधार
एआई इम्पैक्ट समिट के एक सत्र को संबोधित करते हुए उन्होंने कहा कि वर्तमान सरकार नई सोच के प्रति लचीला और सकारात्मक दृष्टिकोण रखती है. बदलती जरूरतों के अनुसार नीतियों और कार्यक्रमों को लगातार परिष्कृत किया जा रहा है.
उन्होंने कहा, “हमारे यहां एआई कौशल की अधिकतम पैठ है. हमने यह सुनिश्चित करने की नीति अपनाई है कि अत्यधिक नियमन न हो, ताकि नवाचार आगे बढ़ सके. हम यह भी सुनिश्चित कर रहे हैं कि ग्राफिक्स प्रोसेसिंग यूनिट तक यथासंभव सबसे कम लागत पर पहुंच उपलब्ध हो.”
बड़े मॉडल नहीं, व्यावहारिक और विस्तार योग्य समाधान पर जोर
प्रसाद ने स्पष्ट किया कि भारत का लक्ष्य बड़े आधारभूत मॉडलों से प्रतिस्पर्धा करना नहीं है, बल्कि ऐसे विस्तार योग्य प्रणालियों को प्राथमिकता देना है जो देश के भीतर ठोस प्रभाव पैदा कर सकें. उनका कहना था कि ध्यान उन एआई समाधानों पर है जो विशेष क्षेत्रों, इलाकों या समुदायों की जरूरतों के अनुरूप हों. व्यापक उद्देश्य यह है कि प्रौद्योगिकी सभी के लिए सुलभ हो और इसके लाभों का लोकतांत्रिक विस्तार हो.
उन्होंने कहा, “यह केवल तकनीक तक पहुंच का प्रश्न नहीं है. अब हमें पहुंच से आगे बढ़कर यह सुनिश्चित करना है कि हर क्षेत्र में विस्तार योग्य समाधान विकसित हों.”
सस्ती तकनीकी पहुंच से स्टार्टअप्स को मजबूती
सस्ती दरों पर ग्राफिक्स प्रोसेसिंग यूनिट की उपलब्धता युवा स्टार्टअप्स और आने वाली पीढ़ी के नवाचारकर्ताओं के लिए एक महत्वपूर्ण सहायक तत्व साबित होगी. ये युवा प्रतिभाएं उच्च कौशल, रचनात्मकता और डिजाइन क्षमता के साथ इस पारिस्थितिकी तंत्र को मजबूती देती हैं. किफायती दरों पर व्यापक उपलब्धता से प्रवेश की बाधाएं कम होंगी, प्रयोग की गति बढ़ेगी और उभरते उद्यम बड़े पैमाने पर समाधान विकसित कर सकेंगे.
किशन सिंह, बीडब्ल्यू संवाददाता
(लेखक बीडब्ल्यू बिजनेसवर्ल्ड में जूनियर कोरेस्पॉन्डेंट हैं.)
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