होम / बिजनेस / RBI की पाबंदियों का Paytm पर दिखा असर, चौथी तिमाही में बढ़ गया इतना घाटा
RBI की पाबंदियों का Paytm पर दिखा असर, चौथी तिमाही में बढ़ गया इतना घाटा
पेटीएम ने बुधवार 22 मई को मार्च तिमाही के नतीजे जारी किए. कंपनी ने बताया कि मार्च तिमाही में उसका शुद्ध घाटा करीब साढ़े तीन गुना बढ़कर 550 करोड़ रुपये पर पहुंच गया.
बिजनेस वर्ल्ड ब्यूरो 2 years ago
ऑनलाइन सेवाएं मुहैया कराने वाली कंपनी पेटीएम ने अपने चौथे तिमाही के नतीजों (Paytm Q4 Results) का ऐलान कर दिया है. कंपनी को बीती तिमाही में जोरदार घाटा हुआ है और उसकी इनकम भी बुरी तरह से गिरी है. कंपनी की ओर से नतीजों का ऐलान करते हुए बताया गया कि फाइनेंशियल ईयर 2023-24 की जनवरी-मार्च तिमाही में उसे 550 करोड़ रुपये का घाटा हुआ है, जो एक साल पहले की समान तिमाही में 160 करोड़ रुपये के आस-पास था.
चौथी तिमाही में बढ़ा Paytm का घाटा
वित्त वर्ष 2023-24 की चौथी तिमाही में फिनटेक कंपनी वन97 कम्युनिकेशंस का घाटा बढ़कर 550 करोड़ रुपये हो गया है. इससे पिछले साल की समान अवधि में घाटा 167.5 करोड़ रुपये रहा था. पेटीएम ने पेटीएम पेमेंट्स बैंक कॉरपोरेशन (PPBL) पर भारतीय रिजर्व बैंक के प्रतिबंध के असर से 300-500 करोड़ रुपये का नुकसान होने का अनुमान लगाया था.
Paytm की सालाना कमाई में इजाफा
वित्त वर्ष 2023-24 की चौथी तिमाही में Paytm की ऑपरेशनल इनकम 2.8 फीसदी घटकर 2267.1 रुपये हो गई. पिछले साल की समान अवधि में यह 2464.6 करोड़ रुपये रही थी. हालांकि पूरे वित्त वर्ष 2023-24 में कंपनी का घाटा कम होकर 1422.4 करोड़ रुपये हो गया है जो वित्त वर्ष 2022-23 में 1776.5 करोड़ रुपये रहा था. सालाना आधार पर कंपनी का घाटा 19 फीसदी कम हो गया है जो राहत की खबर है. पेटीएम ने आज शेयर बाजार को दी सूचना में बताया कि पेटीएम का सालाना राजस्व करीब 25 फीसदी बढ़कर 9978 करोड़ रुपये हो गया और यह 2022-23 में 7990.3 करोड़ रुपये रहा था.
FSSAI की क्लीन चिट...तो क्या वाकई किसी साजिश की शिकार हुईं हमारी मसाला कंपनियां?
कंपनी ने क्या कहा?
कंपनी ने बयान जारी करते हुए कहा कि हमने मजबूत रेवेन्यू ग्रोथ (25% तक) दिखाया और मुनाफे की ओर अपना फोकस जारी रखा है. हमारी सहयोगी फर्म PPBL पर कार्रवाई के बावजूद, हमारा EBITDA (ESOP मार्जिन से पहले) 8% तक बढ़ा है. कंपनी ने कहा कि PPBL वॉलेट और दूसरे पेमेंट्स और लोन प्रोडक्ट्स पर रोक के कारण उसे अपने रेवेन्यू और मुनाफे पर निकट भविष्य में वित्तीय असर पड़ने की उम्मीद है. Paytm का दावा है कि उसने अपने मुख्य पेमेंट बिजनेस को PPBL से दूसरे पार्टनर बैंकों को सफलतापूर्वक ट्रांसफर कर दिया है. कंपनी ने कहा कि इस कदम से हमारे बिजनेस मॉडल का जोखिम कम हो गया है और लंबि अवधि में मॉनेटाइजेशन के नए अवसर भी खुल गए हैं.
RBI ने लगाई थी Paytm पर पाबंदियां
RBI ने Paytm की सहयोगी कंपनी पेटीएम पेमेंट्स बैंक (PPBL) पर प्रतिबंध लगाया हुआ है, जिसके चलते मार्च तिमाही में इसका मार्जिन पर असर पड़ा. यह कंपनी के मुनाफे में गिरावट का मुख्य वजह रही. प्रतिबंध के असर को कुछ हद तक कम करने के लिए, पेटीएम ने मार्च तिमाही में अपनी मार्केटिंग गतिविधियों में कमी लाई और यह तिमाही आधार पर 16 फीसदी घटकर 2,691 करोड़ रुपये रहा. हालांकि सालाना आधार पर मार्केटिंग खर्च लगभग सपाट रहा.
टैग्स