होम / बिजनेस / रेल सुरक्षा बढ़ाने के लिए सरकार ने उठाया बड़ा कदम, 11000 करोड़ के टेंडर होंगे जारी
रेल सुरक्षा बढ़ाने के लिए सरकार ने उठाया बड़ा कदम, 11000 करोड़ के टेंडर होंगे जारी
रेलवे की ओर से दुर्घटना को रोकने के लिए मौजूदा समय में 3000 किलोमीटर पर काम चल रहा है जबकि 10 हजार किलोमीटर पर काम शुरू करने की तैयारी हो रही है.
बिजनेस वर्ल्ड ब्यूरो 1 year ago
दो दिन पहले रेलवे की पश्चिम बंगाल में हुई रेल दुर्घटना ने एक बार फिर सभी को इस विषय पर और गंभीरता से सोचने के लिए विवश कर दिया है. अब इस मामले में सरकार ने रेलों की होने वाली टक्कर को समाप्त करने के लिए कवच के दायरे को बढाऩे की तैयारी कर ली है. रेलवे ने 11 हजार करोड़ रुपये के दो टेंडर जारी करने की तैयारी कर रही है. इस टेंडर से BEL, HBL Power, Kernex, Medha Servo जैसी कंपनियों को फायदा होने की उम्मीद है. सरकार आने वाले दिनों में इस टेंडर के जरिए 10 हजार किलोमीटर की रेल लाइन की सुरक्षा को बढ़ाने जा रही है.
क्या है इस टेंडर की पूरी जानकारी?
मीडिया रिपोर्ट के अनुसार, सरकार जिन दो टेंडरों को जारी करने की तैयारी कर रही है उनमें वो 11 हजार करोड़ रुपये खर्च करने की तैयारी कर रही है. सरकार की योजना के अनुसार 11 हजार करोड़ रुपये खर्च करने के साथ सरकार 10 हजार किलोमीटर रेल लाइन को कवच से युक्त करने की तैयारी कर रही है. जानकारी के अनुसार, 6000 किलोमीटर के की डीपीआर पूरी कर ली गई है. रेलवे चार हजार किलोमीटर का डीपीआर तैयार करने की तैयारी कर रहा है. जबकि मौजूदा समय में 3000 किलोमीटर पर कवच का कवरेज जारी है. इनमें 1465 रूटों को शामिल किया गया है जबकि 140 लोकोमोटिव पर कवच सुरक्षा है.
ये भी पढ़ें: रेटिंग एजेंसी Fitch ने सुनाई सस्ते कर्ज की खबर… जानते हैं कब मिल सकती है खुशखबरी?
इस फैसले से इन कंपनियों को होगा फायदा
सरकार ने अभी जो 10 हजार किलोमीटर लाइन पर कवच लगाने का फैसला किया है उससे सीधे तौर जिन कंपनियों को फायदा होने जा रहा है उनमें BEL, HBL Power, Kernex, Medha Servo जैसी कंपनियां शामिल हैं. क्योंकि सरकार की ओर से इन 6 कंपनियों कोही उसके लिए चुना गया है. अगर सरकार टेंडर जारी करती है तो उससे इन कंपनियों के शेयरों में आने वाले दिनों में तेजी देखी जा सकती है.
अब जानिए आखिर क्या है कवच?
कवच ट्रेनों के बीच टक्कर न होने देने के लिए बनाई गई एक सुरक्षा प्रणाली है. इसे भारत की तीन कंपनियों ने आपसी सहयोग से अनुसंधान के जरिए विकसित किया है. कवच एक ओर जहां टे्न चालक को खतरनाक परिस्थितियों में सिग्नल पास करता है बल्कि गाड़ी को तेजी चलाने से बचाने में भी मदद करता है. कवच के जरिए खराब मौसम में भी आसानी से ट्रेन चलाई जा सकती है. इस तरह की तीन स्तरीय सुरक्षा से जहां कवच ट्रेन को सुरक्षित बनाता है वहीं उसकी सुरक्षा सुविधाओं में भी इजाफा करता है. ये पायलट को ऑटो ब्रेक लगाने में भी मदद करता है. कवच सिस्टम में दरअसल लोकोमोटिव के अंदर एक कंपोनेंट लगाया जाता है जबकि ट्रेन लाइन में ऑप्टिकल फाइबर लाइन बिछाई जाती है और स्टेशन पर एक पूरा सिस्टम लगाया जाता है.
टैग्स