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पर्यावरण संरक्षण की दिशा में Decathalon की नई पहल, ग्राहकों को भी होगा फायदा, जानिए कैसे?

का यह नया सर्कुलर मॉडल न सिर्फ पर्यावरण संरक्षण की दिशा में अहम है, बल्कि भारतीय उपभोक्ताओं को भी एक सस्टेनेबल, किफायती और प्रैक्टिकल विकल्प प्रदान करता है.

बिजनेस वर्ल्ड ब्यूरो 1 year ago

स्पोर्ट्स रिटेल दिग्गज डीकैथलॉन (Decathlon) ने भारत में अपने ‘सर्कुलर बिजनेस मॉडल’ की आधिकारिक शुरुआत की है. इस मॉडल के तहत ग्राहक अब अपने पुराने प्रोडक्ट्स को रिपेयर करवा सकते हैं, उन्हें बायबैक करवा सकते हैं या फिर रीफर्बिश्ड प्रोडक्ट्स को कम कीमत पर खरीद सकते हैं. कंपनी का लक्ष्य है कि 2027 तक अपने सर्कुलर टर्नओवर को 2024 के मुकाबले तीन गुना बढ़ाने यानी 200 प्रतिशत की वृद्धि करने का है. आइए कंपनी के इस नए मॉडल के बारे में विस्तार से जानते हैं.  

95 स्टोर्स में रिपेयर, 90 में रीसेल और 50 में बायबैक

डीकैथलॉन ने फिलहाल भारत में तीन मुख्य सर्कुलर सेवाएं प्रदान करना शुरू किया है-

1. 95 से अधिक स्टोर्स पर रिपेयर सुविधा
डीकैथलॉन अब अपने ग्राहकों को 95 से ज्यादा स्टोर्स पर स्पोर्ट्स गियर और उपकरणों की मरम्मत (Repair) की सेवा दे रहा है. इसका मतलब है कि अगर किसी ग्राहक का खरीदा हुआ प्रोडक्ट, जैसे साइकिल, बैकपैक, टेंट, फुटवियर या अन्य खेल सामग्री—टूट गया है या उसमें कोई तकनीकी खराबी आ गई है, तो वे उसे डीकैथलॉन स्टोर पर ले जाकर मरम्मत करवा सकते हैं. इससे ग्राहक को नया सामान खरीदने की ज़रूरत नहीं पड़ती, जिससे पैसे की बचत होती है और साथ ही पर्यावरणीय कचरा भी कम होता है. यह सेवा विशेष रूप से टिकाऊ उपभोग (sustainable consumption) को बढ़ावा देती है.

2. 90 से ज्यादा स्टोर्स पर रीफर्बिश्ड प्रोडक्ट्स की बिक्री
रीफर्बिश्ड प्रोडक्ट्स वे होते हैं जिन्हें ग्राहक पहले उपयोग कर चुके होते हैं, लेकिन जिन्हें कंपनी ने जांच कर, आवश्यक मरम्मत करके फिर से बिक्री के लिए तैयार किया है.
अब डीकैथलॉन भारत के 90 से अधिक स्टोर्स पर रीफर्बिश्ड स्पोर्ट्स प्रोडक्ट्स की बिक्री कर रहा है. ये उत्पाद पूरी तरह से कार्यशील होते हैं और आमतौर पर नई वस्तुओं की तुलना में काफी सस्ते होते हैं. इससे उन लोगों को फायदा होता है जो बजट में अच्छे स्पोर्ट्स गियर की तलाश में हैं. साथ ही यह मॉडल वस्तुओं के जीवन चक्र को बढ़ाता है और वेस्ट को घटाता है.

3. 50 से अधिक स्टोर्स में बायबैक की सुविधा
बायबैक का अर्थ है कि ग्राहक अपने पुराने या कम इस्तेमाल किए गए डीकैथलॉन प्रोडक्ट्स को स्टोर पर वापस बेच सकते हैं. भारत के 50 से अधिक डीकैथलॉन स्टोर्स पर अब यह बायबैक सेवा उपलब्ध है. ग्राहक जब कोई प्रोडक्ट स्टोर पर लौटाते हैं, तो डीकैथलॉन उसे मूल्यांकन करके एक निश्चित राशि ग्राहक को लौटा देता है, यह अमाउंट स्टोर क्रेडिट या वाउचर के रूप में दिया जा सकता है, जिससे ग्राहक नया सामान खरीद सकते हैं. कंपनी फिर उन पुराने प्रोडक्ट्स को मरम्मत और रीफर्बिश करके दोबारा बेचने के लिए तैयार करती है. इस प्रक्रिया से न केवल ग्राहकों को उनके पुराने सामान का मूल्य मिल जाता है, बल्कि यह प्रोडक्ट्स को लैंडफिल में जाने से भी बचाता है.

कंपनी इन सेवाओं का दायरा भविष्य में पूरे भारत और ऑनलाइन प्लेटफॉर्म तक बढ़ाने की योजना पर काम कर रही है. इसका उद्देश्य प्रोडक्ट्स की उम्र बढ़ाना, वेस्ट को कम करना और कार्बन फुटप्रिंट को घटाना है. कंपनी का अनुमान है कि इस पहल से 2027 तक 3 लाख से अधिक स्पोर्ट्स प्रोडक्ट्स को लैंडफिल में जाने से बचाया जा सकेगा.

जलवायु परिवर्तन से लड़ने की रणनीति का हिस्सा

यह पहल डीकैथलॉन की ग्लोबल डीकार्बनाइजेशन स्ट्रेटजी का हिस्सा है, जिसके तहत 2050 तक ग्रीन हाउस गैस उत्सर्जन को ‘नेट जीरो’ तक लाना और 2030 तक CO₂ उत्सर्जन को 42% तक कम करना है. इस लक्ष्य को पाने के लिए कंपनी टिकाऊ डिजाइन, रीपेयर फ्रेंडली प्रोडक्ट्स, सिंगल-यूज प्लास्टिक में कमी और सेकेंड लाइफ सॉल्यूशंस जैसे उपायों पर काम कर रही है.

टिकाऊ, किफायती और पर्यावरण अनुकूल प्रोडक्ट बनाने पक फोकस
डीकैथलॉन इंडिया के सीईओ शंकर चटर्जी ने कहा, "हम मानते हैं कि एक्सेसिबिलिटी और सस्टेनेबिलिटी एक-दूसरे के पूरक हैं. हमारा फोकस है कि हम ऐसे प्रोडक्ट्स बनाएं जो टिकाऊ, किफायती और पर्यावरण के अनुकूल हों. सेकेंड लाइफ बाजार की यह पहल विश्व पर्यावरण दिवस के अवसर पर हमारी प्रतिबद्धता को और भी मजबूत बनाती है. हमारा सपना है एक ऐसा खेल जगत, जहां हर कोई अधिक खेले, कम खर्च करे और पर्यावरण के प्रति जिम्मेदार रहे."

डीकैथलॉन इंडिया की सस्टेनेबिलिटी लीडर **एनी जॉर्ज** ने बताया,"हम मानते हैं कि डिजाइन से लेकर टेक बैक तक, हर कदम में सस्टेनेबिलिटी को शामिल किया जाना चाहिए. भारत सर्कुलर इकोनॉमी की ओर तेजी से बढ़ रहा है और हम ऐसे समाधान देने पर काम कर रहे हैं जो बड़े पैमाने पर प्रभावी हों और लोगों को ज्यादा जिम्मेदारी के साथ खेलों में भाग लेने का अवसर दें."

भारत से पहले इन देशों में हो चुकी ये शुरुआत

करीब पांच साल पहले डीकैथलॉन ने फ्रांस, यूके, इटली, स्पेन, पुर्तगाल और पोलैंड जैसे देशों में सर्कुलर मॉडल लॉन्च किया था, जिसे वहां के ग्राहकों ने उत्साह से अपनाया. भारत में इस मॉडल की शुरुआत के साथ डीकैथलॉन ने न केवल पर्यावरण के प्रति अपनी प्रतिबद्धता जताई है, बल्कि लो-इंपैक्ट रिटेलिंग की दिशा में वैश्विक नेतृत्व की ओर भी कदम बढ़ाया है. कंपनी लोगों को खेलों के प्रति आकर्षित करने के साथ-साथ पर्यावरण के अधिक अनुकूल भविष्य निर्माण की दिशा में प्रतिबद्ध है.

 


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