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CURAPOD ने जुटाए ₹20 करोड़, पेन मैनेजमेंट टेक्नोलॉजी को मिलेगी रफ्तार

मजबूत क्लिनिकल आधार, मेड-इन-इंडिया नवाचार और दवा-मुक्त, नॉन-इनवेसिव तकनीक के साथ कंपनी मस्कुलोस्केलेटल दर्द प्रबंधन के क्षेत्र में एक विश्वसनीय समाधान के रूप में उभर रही है.

बिजनेस वर्ल्ड ब्यूरो 2 months ago

लाइटमेड समर्थन प्राप्त मेड-इन-इंडिया, नॉन-इनवेसिव और पर्सनलाइज्ड पेन मैनेजमेंट डिवाइस CURAPOD ने अपनी प्री-सीरीज ए फंडिंग राउंड में ₹20 करोड़ जुटाए हैं. इस राउंड का नेतृत्व वी3 वेंचर्स, 3आई पार्टनर्स और आइडियास्प्रिंग कैपिटल ने किया. यह निवेश मस्कुलोस्केलेटल (मांसपेशीय एवं अस्थि संबंधी) दर्द के व्यापक बोझ को संबोधित करने वाली CURAPOD की क्लिनिकली-ड्रिवन वेयरेबल टेक्नोलॉजी में बढ़ते भरोसे को दर्शाता है.

कंपनी इस पूंजी का उपयोग उत्पाद और ऐप में सुधार, ब्रांडिंग और मार्केटिंग को मजबूत करने, मार्केटप्लेस लॉन्च के माध्यम से डायरेक्ट-टू-कंज्यूमर (D2C) बिक्री बढ़ाने, जिम, फिजियोथेरेपी और स्पोर्ट्स मेडिसिन नेटवर्क के साथ साझेदारी गहरी करने तथा मैन्युफैक्चरिंग और गो-टू-मार्केट ऑपरेशंस को स्केल करने में करेगी.

साथ ही, यह निवेश परिचालन दक्षता बढ़ाने, यूनिट इकॉनॉमिक्स को मजबूत करने और अगले 12 महीनों में 5 गुना राजस्व वृद्धि का लक्ष्य हासिल करने में सहायक होगा. कंपनी यूरोप में प्रवेश की तैयारी भी कर रही है, जिसके लिए नियामकीय स्वीकृतियों, विस्तारित क्लिनिकल साक्ष्यों और स्थानीय बाजार विकास पर काम जारी है.

क्लिनिकली प्रमाणित, दवा-मुक्त समाधान
CURAPOD एक क्लिनिकली प्रमाणित पेन रिलीफ डिवाइस है, जो फोटোবायोमॉड्यूलेशन थेरेपी (लाल प्रकाश की लक्षित तरंगदैर्ध्य सहित) के माध्यम से नॉन-इनवेसिव और पर्सनलाइज्ड दर्द प्रबंधन प्रदान करता है. यह तकनीक कोशिकीय स्तर पर कार्य करते हुए सूजन कम करने, रक्त संचार बेहतर करने और ऊतक मरम्मत को समर्थन देती है. कई उपयोगकर्ताओं के लिए प्रतिदिन 30-60 मिनट के नियमित उपयोग से दर्द में राहत मिलती है.

यह डिवाइस FDA-रजिस्टर्ड है और 30 से अधिक मस्कुलोस्केलेटल स्थितियों, जैसे कमर दर्द, गर्दन दर्द, घुटने का दर्द, जोड़ों के विकार, मांसपेशियों की जकड़न, खेल संबंधी चोटें, पुरानी चोटें और गतिविधि के बाद रिकवरी के लिए डिज़ाइन की गई है. पारंपरिक दर्द प्रबंधन के विकल्प के रूप में यह दवा-मुक्त समाधान प्रदान करती है.

निवेशकों और संस्थापकों की प्रतिक्रिया

वी3 वेंचर्स के सह-संस्थापक और मैनेजिंग पार्टनर अर्जुन वैद्य ने कहा, “दर्द एक ऐसी दीर्घकालिक समस्या है जो हर आयु वर्ग को प्रभावित करती है, लेकिन लोग अक्सर इसे नजरअंदाज कर देते हैं. CURAPOD इस बड़े बाजार में एक अलग और सशक्त समाधान विकसित कर रहा है. यह विश्वस्तरीय, साक्ष्य-आधारित भारतीय तकनीक है, जो मापनीय दर्द राहत प्रदान करती है. मुझे यह पेन मैनेजमेंट क्षेत्र का ‘Whoop/Ultrahuman’ जैसा प्लेटफॉर्म लगता है, जो इसे बेहद रोमांचक बनाता है.”

3आई पार्टनर्स के पार्टनर सुबोध तोप्राणी ने कहा, “CURAPOD का वेयरेबल डिवाइस क्लिनिकली प्रमाणित फोटোবायोमॉड्यूलेशन थेरेपी को सरल और सुलभ रूप में ग्राहकों तक पहुंचाता है. इसका मजबूत वैज्ञानिक आधार और नियामकीय तैयारी इसे अलग पहचान देते हैं.”

CURAPOD के संस्थापक और मुख्य प्रौद्योगिकी अधिकारी सूर्य मगुलुरी ने कहा, “हमने पारंपरिक दर्द प्रबंधन और आधुनिक नॉन-इनवेसिव देखभाल के बीच की खाई को पाटने के उद्देश्य से CURAPOD विकसित किया है. यह फंडिंग हमें क्लिनिकल जुड़ाव बढ़ाने, नवाचार जारी रखने और व्यक्तिगत दर्द प्रबंधन समाधानों तक व्यापक पहुंच सुनिश्चित करने में सक्षम बनाएगी.”

CURAPOD के सह-संस्थापक और सीईओ श्री वेल्लियूर ने कहा, “यह फंडिंग हमारे सफर में एक महत्वपूर्ण मील का पत्थर है. पिछले 12 महीनों की मजबूत प्रगति के आधार पर अब हमारा लक्ष्य पैन-इंडिया विस्तार और रोजमर्रा के दर्द प्रबंधन के लिए CURAPOD को प्रमुख समाधान के रूप में स्थापित करना है.”

आइडियास्प्रिंग कैपिटल के मैनेजिंग पार्टनर नागानंद दोरास्वामी ने कहा, “CURAPOD वेयरेबल, यूजर-फ्रेंडली डिवाइस के माध्यम से मस्कुलोस्केलेटल दर्द के उपचार को नया रूप दे रहा है. हमें विश्वास है कि कंपनी भविष्य में लाइट-थेरेपी आधारित दर्द निवारण उपकरणों का व्यापक पोर्टफोलियो तैयार करेगी.”

 


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