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पंजाब में उद्योगों का भरोसा बढ़ा, निवेश समिट से ₹12,250 करोड़ के प्रस्ताव
यह निवेश सम्मेलन मोहाली में आयोजित किया गया, जिसमें करीब 6,000 प्रतिनिधियों और उद्योग जगत के नेताओं ने भाग लिया. सम्मेलन के दौरान टेक्सटाइल, स्टील, आईटी और नवीकरणीय ऊर्जा जैसे प्रमुख क्षेत्रों पर कई सत्र आयोजित किए गए.
बिजनेस वर्ल्ड ब्यूरो 1 month ago
भगवंत मान के नेतृत्व वाली पंजाब सरकार को प्रोग्रेसिव पंजाब इन्वेस्टर्स समित (Progressive Punjab Investors’ Summit) में बड़ा निवेश समर्थन मिला है. तीन दिन तक चले इस निवेश सम्मेलन में राज्य को लगभग ₹12,250 करोड़ के निवेश प्रस्ताव प्राप्त हुए. मुख्यमंत्री ने कहा कि यह निवेश राज्य की अर्थव्यवस्था के लिए एक नए औद्योगिक विकास चरण की शुरुआत का संकेत है और आने वाले वर्षों में इससे उद्योग और रोजगार के अवसरों को मजबूती मिलेगी.
मोहाली में हुआ निवेश सम्मेलन
यह निवेश सम्मेलन मोहाली में आयोजित किया गया, जिसमें करीब 6,000 प्रतिनिधियों और उद्योग जगत के नेताओं ने भाग लिया. सम्मेलन के दौरान टेक्सटाइल, स्टील, आईटी और नवीकरणीय ऊर्जा जैसे प्रमुख क्षेत्रों पर कई सत्र आयोजित किए गए. विभिन्न उद्योगों के निवेशकों ने अगले तीन से चार वर्षों में पंजाब में अपने उत्पादन और व्यापार गतिविधियों का विस्तार करने की योजना घोषित की.
प्रमुख कंपनियों के बड़े निवेश प्रस्ताव
समिट के दौरान कई प्रमुख संस्थानों और कंपनियों ने बड़े निवेश की घोषणा की.
1. Plaksha University ने पंजाब में ₹5,000 करोड़ निवेश करने का प्रस्ताव रखा.
2. Verbio India ने बायोफ्यूल और बायोगैस परियोजनाओं में ₹4,000 करोड़ निवेश की घोषणा की.
3. Nahar Industries ने अपने कारोबार के विस्तार के लिए ₹1,500 करोड़ निवेश की प्रतिबद्धता जताई.
4. Tynor Orthotics ने वैश्विक विनिर्माण क्षमता को मजबूत करने के लिए ₹1,000 करोड़ निवेश की योजना बनाई.
टेक्सटाइल क्षेत्र में भी विस्तार की तैयारी
टेक्सटाइल कंपनी गंगा एक्रोवूल्स ने भी ₹750 करोड़ के विस्तार योजना की घोषणा की. कंपनी के अनुसार उद्योग क्षेत्र में बेहतर माहौल और राज्य सरकार की सहयोगी नीतियों के कारण निवेश बढ़ाने का फैसला लिया गया है.
उद्योग-अनुकूल नीतियों पर सरकार का जोर
समिट के समापन पर मुख्यमंत्री भगवंत मान ने कहा कि राज्य सरकार का लक्ष्य पंजाब को एक प्रमुख निवेश गंतव्य के रूप में स्थापित करना है. उन्होंने बताया कि सरकार पारदर्शी और उद्योग-अनुकूल नीतियां लागू कर रही है ताकि निवेशकों को बेहतर माहौल मिल सके.
केवल समझौते नहीं, वास्तविक निवेश पर ध्यान
मुख्यमंत्री ने यह भी कहा कि सरकार केवल एमओयू साइन करने पर ध्यान नहीं दे रही है, बल्कि वास्तविक निवेश को जमीन पर उतारने पर जोर दे रही है. उन्होंने कहा कि पिछले अनुभवों में कई समझौते परियोजनाओं में नहीं बदल पाए थे, इसलिए इस बार सरकार निवेश के वास्तविक क्रियान्वयन पर विशेष ध्यान दे रही है.
रोजगार और आर्थिक विकास को मिलेगी गति
सरकार का मानना है कि इन निवेश परियोजनाओं से राज्य में रोजगार के नए अवसर पैदा होंगे और मैन्युफैक्चरिंग, नवीकरणीय ऊर्जा और टेक्सटाइल जैसे क्षेत्रों को मजबूती मिलेगी. इसके साथ ही पंजाब अपनी अर्थव्यवस्था को विविध बनाने और आर्थिक विकास की रफ्तार तेज करने की दिशा में आगे बढ़ रहा है.
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