होम / बिजनेस / ट्रंप के बयान से तेल बाजार में बड़ी हलचल, कच्चे तेल की कीमतों में आई भारी गिरावट

ट्रंप के बयान से तेल बाजार में बड़ी हलचल, कच्चे तेल की कीमतों में आई भारी गिरावट

मंगलवार को अंतरराष्ट्रीय बाजार में ब्रेंट क्रूड की कीमतें दिन के उच्च स्तर से 20 डॉलर से ज्यादा गिरकर लगभग 88.5 डॉलर प्रति बैरल तक आ गईं.

बिजनेस वर्ल्ड ब्यूरो 3 months ago

अमेरिका और ईरान के बीच बढ़े तनाव के बीच अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के एक बयान ने वैश्विक तेल बाजार की दिशा बदल दी. ट्रंप द्वारा युद्ध जल्द खत्म होने के संकेत देने के बाद अंतरराष्ट्रीय बाजार में कच्चे तेल की कीमतों में तेज गिरावट दर्ज की गई. एक दिन पहले रिकॉर्ड ऊंचाई पर पहुंचा कच्चा तेल अचानक करीब 20 डॉलर प्रति बैरल तक सस्ता हो गया, जिससे वैश्विक ऊर्जा बाजार में हलचल मच गई.

ट्रंप के बयान से बदला बाजार का रुख

फ्लोरिडा में आयोजित एक प्रेस कॉन्फ्रेंस में डोनाल्ड ट्रंप ने संकेत दिया कि अमेरिका ईरान के साथ जारी संघर्ष को जल्द समाप्त करने की दिशा में कदम उठा सकता है. उन्होंने यह भी कहा कि तेल बाजार को स्थिर रखने के लिए कुछ प्रतिबंधों में ढील देने पर विचार किया जा रहा है. ट्रंप के अनुसार अमेरिकी नौसेना के जरिए तेल टैंकरों को स्ट्रेट ऑफ होर्मुज से सुरक्षित गुजरने की व्यवस्था पर भी चर्चा हो रही है. यह मार्ग वैश्विक तेल आपूर्ति के लिए बेहद अहम माना जाता है.

स्ट्रेट ऑफ होर्मुज का वैश्विक तेल आपूर्ति में बड़ा महत्व

स्ट्रेट ऑफ होर्मुज दुनिया के सबसे महत्वपूर्ण समुद्री तेल मार्गों में से एक है. वैश्विक स्तर पर करीब 20 प्रतिशत कच्चे तेल की आपूर्ति इसी रास्ते से गुजरती है. ईरान से बढ़ते तनाव और संभावित अवरोध की आशंका के कारण हाल के दिनों में तेल बाजार में भारी उछाल देखा गया था. इससे खाड़ी क्षेत्र के कई बड़े तेल उत्पादक देशों, खासकर सऊदी अरब, को भंडारण की कमी के कारण उत्पादन कम करना पड़ा.

ब्रेंट और WTI दोनों में तेज गिरावट

मंगलवार को अंतरराष्ट्रीय बाजार में ब्रेंट क्रूड की कीमतें दिन के उच्च स्तर से 20 डॉलर से ज्यादा गिरकर लगभग 88.5 डॉलर प्रति बैरल तक आ गईं. सोमवार को यही कीमत बढ़कर 119.5 डॉलर प्रति बैरल तक पहुंच गई थी. इसी तरह अमेरिका का WTI कच्चा तेल फ्यूचर्स भी करीब 10 प्रतिशत गिरकर 85.02 डॉलर प्रति बैरल पर आ गया. एक दिन पहले यह 115 डॉलर प्रति बैरल से ऊपर चला गया था.

एक दिन में रिकॉर्ड उतार-चढ़ाव

विशेषज्ञों के अनुसार कच्चे तेल की कीमतों में यह गिरावट दिन के उच्च स्तर से बंद भाव तक की अब तक की सबसे बड़ी गिरावटों में से एक है. मंगलवार सुबह कीमतों में लगभग 10 प्रतिशत की अतिरिक्त गिरावट देखने को मिली और तेल 90 डॉलर प्रति बैरल से नीचे आ गया. इस दौरान कीमतों में लगभग 38 डॉलर प्रति बैरल का उतार-चढ़ाव दर्ज किया गया, जो 2020 में कोरोना महामारी के दौरान आए संकट के बाद सबसे ज्यादा माना जा रहा है.

आगे क्या रहेगा बाजार का रुख

विशेषज्ञों का मानना है कि अगर अमेरिका और ईरान के बीच तनाव कम होता है और स्ट्रेट ऑफ होर्मुज से तेल आपूर्ति सामान्य बनी रहती है, तो कच्चे तेल की कीमतों में स्थिरता लौट सकती है. हालांकि पश्चिम एशिया में भू-राजनीतिक स्थिति अभी भी संवेदनशील बनी हुई है. इसलिए आने वाले दिनों में तेल बाजार में उतार-चढ़ाव जारी रहने की संभावना से इनकार नहीं किया जा सकता.
 


टैग्स
सम्बंधित खबरें

सीएम विजय का बड़ा दांव, ₹1 लाख करोड़ के निवेश से तमिलनाडु में 93 हजार नौकरियां

विजय सरकार ने वर्ष 2035 तक तमिलनाडु को 1.5 ट्रिलियन डॉलर की अर्थव्यवस्था बनाने का लक्ष्य रखा है. इसी दिशा में शुरुआती महीनों में कई बड़े निवेश समझौते किए गए हैं.

2 minutes ago

देश और अर्थव्यवस्था को लेकर आश्वस्त हैं शहरी भारतीय, इप्सोस रिपोर्ट में सामने आई सकारात्मक तस्वीर

रिपोर्ट के अनुसार, भारत में लोगों की प्रमुख चिंताओं में बेरोजगारी, वित्तीय और राजनीतिक भ्रष्टाचार, अपराध और हिंसा, शिक्षा, गरीबी तथा सामाजिक असमानता शामिल हैं.

1 hour ago

ऋषिकेश में शुरू होगा पहला कॉन्ट्रास्ट थेरेपी सर्किट

यह ऋषिकेश का पहला समर्पित कॉन्ट्रास्ट थेरेपी सर्किट होगा, जिसमें सॉना, आइस बाथ और गर्म पानी के पूल का अनुभव एक क्रमबद्ध थर्मल यात्रा के रूप में दिया जाएगा.

2 hours ago

100% के दावे पर CCPA का सख्त एक्शन, दो फूड कंपनियों पर 1-1 लाख रुपये का जुर्माना

CCPA ने स्टोरिया फूड्स के उन विज्ञापनों का स्वतः संज्ञान लिया, जिनमें '100% टेंडर कोकोनट वॉटर' और '100% अनार', '100% आम', '100% मिक्स्ड फ्रूट' जैसे दावे किए गए थे.

2 hours ago

अमेरिका में बढ़ा भारत में बने स्मार्टफोन का दबदबा, Apple के दम पर 47% उछला निर्यात

भारत में तेजी से बढ़ता विनिर्माण आधार और अमेरिका में बढ़ती मांग इस बात का संकेत हैं कि आने वाले वर्षों में देश वैश्विक स्मार्टफोन सप्लाई चेन में और मजबूत भूमिका निभा सकता है

5 hours ago


बड़ी खबरें

GDP से आगे: क्यों भारत की प्रगति का पैमाना सिर्फ आर्थिक वृद्धि नहीं, बल्कि खुशहाली और जीवन गुणवत्ता भी होना चाहिए

पूर्व उत्तर प्रदेश मुख्य सचिव और लेखक आलोक रंजन का मानना है कि भारत की विकास यात्रा को केवल आर्थिक उत्पादन तक सीमित नहीं रहना चाहिए. उनके अनुसार, खुशहाली, जीवन की गुणवत्ता, शिक्षा, स्वास्थ्य और समावेशी विकास को भी प्रगति का महत्वपूर्ण पैमाना बनाया जाना चाहिए.

3 hours ago

सीएम विजय का बड़ा दांव, ₹1 लाख करोड़ के निवेश से तमिलनाडु में 93 हजार नौकरियां

विजय सरकार ने वर्ष 2035 तक तमिलनाडु को 1.5 ट्रिलियन डॉलर की अर्थव्यवस्था बनाने का लक्ष्य रखा है. इसी दिशा में शुरुआती महीनों में कई बड़े निवेश समझौते किए गए हैं.

2 minutes ago

देश और अर्थव्यवस्था को लेकर आश्वस्त हैं शहरी भारतीय, इप्सोस रिपोर्ट में सामने आई सकारात्मक तस्वीर

रिपोर्ट के अनुसार, भारत में लोगों की प्रमुख चिंताओं में बेरोजगारी, वित्तीय और राजनीतिक भ्रष्टाचार, अपराध और हिंसा, शिक्षा, गरीबी तथा सामाजिक असमानता शामिल हैं.

1 hour ago

ऋषिकेश में शुरू होगा पहला कॉन्ट्रास्ट थेरेपी सर्किट

यह ऋषिकेश का पहला समर्पित कॉन्ट्रास्ट थेरेपी सर्किट होगा, जिसमें सॉना, आइस बाथ और गर्म पानी के पूल का अनुभव एक क्रमबद्ध थर्मल यात्रा के रूप में दिया जाएगा.

2 hours ago

100% के दावे पर CCPA का सख्त एक्शन, दो फूड कंपनियों पर 1-1 लाख रुपये का जुर्माना

CCPA ने स्टोरिया फूड्स के उन विज्ञापनों का स्वतः संज्ञान लिया, जिनमें '100% टेंडर कोकोनट वॉटर' और '100% अनार', '100% आम', '100% मिक्स्ड फ्रूट' जैसे दावे किए गए थे.

2 hours ago