✕

होम / बिजनेस / एक और बड़ी मुश्किल में आई Vodafone Idea, इंडस टावर्स के बाद अब बैंकों ने भी किया किनारा

एक और बड़ी मुश्किल में आई Vodafone Idea, इंडस टावर्स के बाद अब बैंकों ने भी किया किनारा

वोडाफोन आइडिया (वीआई) ने कहा है कि वह इंडस टावर द्वारा सिग्नल बंद करने की धमकी मिलने के बाद कंपनी से आसान भुगतान शर्तों के लिए बात कर रही है.

बिजनेस वर्ल्ड ब्यूरो 4 years ago

नई दिल्लीः वोडाफोन आइडिया (वीआई) ने कहा है कि वह इंडस टावर द्वारा सिग्नल बंद करने की धमकी मिलने के बाद कंपनी से आसान भुगतान शर्तों के लिए बात कर रही है. स्टॉक एक्सचेंजों और सेबी द्वारा मीडिया रिपोर्ट्स का स्वतः संज्ञान लेने के बाद वोडाफोन आइडिया ने इस बात की जानकारी दी है.

हालांकि इस घटनाक्रम के बाद भी कंपनी की मुश्किलें कम होने का नाम नहीं ले रही हैं. अब कंपनी को लोन देने वाले कई बैंकों ने कहा है कि जब तक कंपनी के प्रमोटर्स नया पैसा नहीं लगाएंगे, तब तक वो इसको किसी तरह का कोई नया लोन जारी नहीं करेंगे.  

सेबी, स्टॉक एक्सचेंज की दी जानकारी

गौरतलब है कि हाल में वीआई के मोबाइल टावरों का देखरेख करने वाली कंपनी इंडस टावर्स ने लंबित भुगतान को करने के लिए कठोर शब्दों में एक पत्र लिखा था, जिसमें उसने नवंबर से इसके टावरों के सिग्नल बंद करने की बात कही थी.

वीआई ने बीएसई और सेबी को बताया, "हम सूचित करना चाहते हैं कि इंडस टावर्स उन बड़े विक्रेताओं में से एक है जो कंपनी को बुनियादी ढांचा सेवाएं प्रदान करते हैं और हमने कंपनी से आसान भुगतान शर्तों के लिए बात कर रहे हैं. गुरुवार की देर शाम बीएसई के एक प्रश्न के जवाब में कंपनी ने उक्त जानकारी दी है. 

बैंकों ने दिया झटका 

9 महीने से अधिक समय से वोडाफोन आइडिया लिमिटेड और उसके बैंकों के बीच लोन पर 10,000 करोड़ रुपये जुटाने की बातचीत चल रही है. मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक कई दौर की बातचीत के बावजूद, बैंक टेलीकॉम कंपनी के लिए नई लाइन ऑफ क्रेडिट को मंजूरी देने को तैयार नहीं हैं. कंपनी ने अपने मौजूदा बैंकरों से नए कर्ज मांगे हैं. इन बैंकों में भारतीय स्टेट बैंक, इंडसइंड बैंक, आईडीएफसी फर्स्ट बैंक, यस बैंक और आईडीबीआई बैंक शामिल हैं. अधिकांश बैंकों ने या तो अनुरोध को अस्वीकार कर दिया है या इसे रोक दिया है. एक निजी बैंक के एक शीर्ष कार्यकारी ने बताया, "वोडाफोन पीएलसी और आदित्य बिड़ला समूह के बिना कंपनी में प्रतिबद्ध पूंजी डाले बिना, हम कुछ नहीं कर सकते हैं."

घोषणा के बाद भी प्रमोटर्स ने नहीं किया निवेश

मार्च 2022 में, वोडाफोन आइडिया ने घोषणा की कि वोडाफोन पीएलसी अपनी भारतीय शाखा में 3,375 करोड़ रुपये की पूंजी लगाएगी, जबकि आदित्य बिड़ला समूह 1,125 करोड़ रुपये लाने के लिए प्रतिबद्ध था. यह उसकी 14,500 करोड़ रुपये की मेगा फंड जुटाने की योजना के हिस्से के रूप में था. 

एक अन्य वरिष्ठ बैंकर ने नाम न छापने की शर्त पर कहा, "हमने अभी तक प्रमोटरों को पैसा लगाते नहीं देखा है." सूत्रों का कहना है कि पिछले 8-12 महीनों में, बैंक वोडाफोन आइडिया के लिए अपने निवेश को कम कर रहे हैं. एक बैंकर ने कहा, 'कंपनी पिछले साल दिसंबर की तुलना में अब बेहतर स्थिति में है. यह बैंकों के लिए एक मानक खाता है.

VIDEO: क्या है SOVA वायरस, कैसे आपके फोन में आता है और क्या हैं बचने के उपाय?

 


टैग्स
सम्बंधित खबरें

दूसरी तिमाही में मुनाफे में आई शिपरॉकेट, ₹0.6 करोड़ का शुद्ध लाभ दर्ज; रेवेन्यू 34.7% बढ़ा

शिपरॉकेट का ऑपरेटिंग रेवेन्यू सालाना आधार पर 34.7 फीसदी बढ़कर 673.6 करोड़ रुपये हो गया, जो पिछले वित्त वर्ष की समान तिमाही में 500.2 करोड़ रुपये था.

7 hours ago

CenturyPly का दूसरी तिमाही का राजस्व 28.5% बढ़कर 1,780 करोड़ रुपये पहुंचा

कंपनी ने वित्त वर्ष 2026-27 की दूसरी तिमाही में अब तक का सबसे अधिक तिमाही राजस्व दर्ज किया. प्लाईवुड, एमडीएफ, लैमिनेट्स और लॉजिस्टिक्स कारोबार में मजबूत वृद्धि से कंपनी के प्रदर्शन को सहारा मिला.

10 hours ago

“अगर बोर्ड बंटा हुआ है, तो सभी की ब्रांड वैल्यू घटती है”

रवि राजन एंड कंपनी के संस्थापक एवं मैनेजिंग पार्टनर और BSE के पूर्व चेयरमैन एस रवि ने BW Businessworld के चेयरमैन एवं एडिटर-इन-चीफ अनुराग बत्रा के साथ इस बातचीत में उत्तराधिकारियों के मूल्यांकन, सार्वजनिक विवादों से कारोबार को बचाने और संपत्ति सृजन में कॉरपोरेट गवर्नेंस की अहमियत पर चर्चा की.

11 hours ago

सेबी का जापानी समझौता: ऐसे नुकसान का निपटारा, जो अब अस्तित्व में ही नहीं है

एक पूर्णकालिक सदस्य ने निप्पॉन से जुड़े आदेश पर हस्ताक्षर कर दिए हैं. दूसरे सदस्य अभी फैसला नहीं कर पाए हैं. बॉन्ड फिर से जीवित हो गए हैं. और सेबी चेयरमैन की डायरी बार-बार निप्पॉन से टकरा रही है.

11 hours ago

वेदांता की पूर्व डिप्टी CFO स्वाति चौहान ने शुरू की अपनी कंपनी, निवेशक संबंधों पर करेगी काम

गुरुग्राम की Vaydha Advisory स्मॉल और मिड-कैप कंपनियों को निवेशक संबंध (Investor Relations), IPO की तैयारी, कंपनियों के विभाजन और अधिग्रहण से जुड़ी सलाह देगी.

12 hours ago


बड़ी खबरें

“अगर बोर्ड बंटा हुआ है, तो सभी की ब्रांड वैल्यू घटती है”

रवि राजन एंड कंपनी के संस्थापक एवं मैनेजिंग पार्टनर और BSE के पूर्व चेयरमैन एस रवि ने BW Businessworld के चेयरमैन एवं एडिटर-इन-चीफ अनुराग बत्रा के साथ इस बातचीत में उत्तराधिकारियों के मूल्यांकन, सार्वजनिक विवादों से कारोबार को बचाने और संपत्ति सृजन में कॉरपोरेट गवर्नेंस की अहमियत पर चर्चा की.

11 hours ago

विश्व बैंक: भारत ने रचा इतिहास

भारत में गरीबी में आई भारी कमी एक बड़ी उपलब्धि है, लेकिन इस प्रगति को बनाए रखने के लिए बेहतर रोजगार और कम ध्रुवीकृत राजनीतिक व्यवस्था जरूरी है.

7 hours ago

ZEE5 में सीनियर वाइस प्रेसिडेंट-क्रिएटिव नियुक्त हुए प्रिंस मिश्रा

प्राइम वीडियो में काम कर चुके प्रिंस मिश्रा के पास फिल्म, विज्ञापन, टेलीविजन, रेडियो और ओटीटी क्षेत्र में 14 साल से अधिक का अनुभव है. ZEE5 में वह ब्रांड की पहचान मजबूत करने और दर्शकों के साथ जुड़ाव बढ़ाने पर काम करेंगे.

10 hours ago

CenturyPly का दूसरी तिमाही का राजस्व 28.5% बढ़कर 1,780 करोड़ रुपये पहुंचा

कंपनी ने वित्त वर्ष 2026-27 की दूसरी तिमाही में अब तक का सबसे अधिक तिमाही राजस्व दर्ज किया. प्लाईवुड, एमडीएफ, लैमिनेट्स और लॉजिस्टिक्स कारोबार में मजबूत वृद्धि से कंपनी के प्रदर्शन को सहारा मिला.

10 hours ago

सेबी ने म्यूचुअल फंड के लिए शुरू की नेट सेटलमेंट की सुविधा, 1 अप्रैल 2027 से लागू होंगे नियम

सेबी ने म्यूचुअल फंड स्कीमों को शेयरों की खरीद और बिक्री से मिलने वाली रकम को आपस में एडजस्ट करने की अनुमति दी है.

12 hours ago