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चीनी कंपनियों की चुनौतियों से कमजोर हुई Samsung, भारत में नौकरियों पर चलेगी कैंची!
सैमसंग को भारत में कड़ी चुनौतियों का सामना करना पड़ रहा है, खासतौर पर कंपनी का मोबाइल कारोबार प्रभावित हुआ है.
बिजनेस वर्ल्ड ब्यूरो 1 year ago
भारतीय मोबाइल बाजार में कई विदेशी कंपनियां मौजूद हैं. दक्षिण कोरियाई कंपनी सैमसंग (Samsung) भी काफी समय में भारत में कारोबार कर रही है. हालांकि, पिछला कुछ समय उसके लिए परेशानियों भरा रहा है. कंपनी की सेल्स के आंकड़े लगातार नीचे आ रहे हैं और अब इस इसका असर उसके कर्मचारियों पर पड़ने वाला है. मीडिया रिपोर्ट्स की मानें, तो सैमसंग ने भारत में छंटनी का फैसला लिया है.
यहां चलेगी कैंची
छंटनी की जद में कंपनी के सेल्स, मार्केटिंग और ऑपरेशंस से जुड़े कर्मचारी आ सकते हैं. कहा तो यहां तक जा रहा है कि सैमसंग के भारत में जितने कर्मचारी हैं, उनमें से 20 फीसदी तक की छुट्टी हो सकती है. हालांकि, Samsung की तरफ से इस बारे में अब तक कोई बयान सामने नहीं आया है. रिपोर्ट्स में सूत्रों के हवाले से बताया गया है कि सैमसंग अपने स्मार्टफोन, कंज्यूमर इलेक्ट्रॉनिक्स और होम एप्लाएंसेज कारोबार के ढांचे में बदलाव कर रही है. इसके चलते कंपनी कुछ प्रमुख एग्जीक्यूटिव्स की भी छुट्टी कर सकती है. गौर करने वाली बात यह है कि एग्जीक्यूटिव्स के जो पद खाली पड़े हैं उन्हें भी नहीं भरा जा रहा है.
चेन्नई प्लांट में हड़ताल
सैमसंग में छंटनी की खबर ऐसे समय सामने आई है जब उसके चेन्नई स्थित मैनुफैक्चरिंग प्लांट के कर्मचारी अनिश्चितकालीन हड़ताल पर हैं. इस हड़ताल के चलते कंपनी का उत्पादन प्रभावित हो रहा है. फेस्टिवल सीजन में मोबाइल के साथ-साथ टीवी, फ्रिज और वॉशिंग मशीन जैसे उत्पादों की जमकर बिक्री होती है. यदि हड़ताल जल्द खत्म नहीं होती, तो सैमसंग को काफी नुकसान उठाना पड़ेगा. स्थिति की गंभीरता को समझते हुए सैमसंग के मैनेजमेंट ने भारतीय अधिकारियों को दक्षिण कोरिया बुलाया है.
कई परेशानियां एक साथ
मोबाइल सेक्टर में सैमसंग को भारत में मौजूद चीनी कंपनियों से कड़ी टक्कर मिल रही है. एक मार्केट रिसर्च रिपोर्ट के अनुसार, अप्रैल-जून 2024 तिमाही में वॉल्यूम के हिसाब से सैमसंग तीसरे स्थान पर खिसक गई है. इस दौरान कंपनी के स्मार्टफोन शिपमेंट्स में 15.4% की कमी आई है. सैमसंग एक साथ कई मोर्चों पर परेशानियों का सामना कर रही है. शाओमी और वीवो जैसे ब्रैंड उसके सामने कड़ी प्रतियोगिता पेश कर रहे हैं. ऑफलाइन रिटेलर्स के साथ कंपनी का विवाद चल रहा है. इसके अलावा, सेल्स और मार्केटिंग के कुछ टॉप एग्जीक्यूटिव्स से कंपनी छोड़ने से सैमसंग की दिक्कतें बढ़ी हैं.
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