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खाते में पैसा न होने पर भी कर सकेंगे UPI पेमेंट, बाद में बैंक को चुकाना पड़ेगा ब्याज
UPI यूजर्स को जल्द ही क्रेडिट लाइन की सुविधा मिलने जा रही है. यूपीआई द्वारा मिलने वाली क्रेडिट लाइन में आपको इस्तेमाल की गई राशि पर ब्याज भी चुकाना पड़ेगा.
बिजनेस वर्ल्ड ब्यूरो 1 year ago
आज के इस डिजिटल युग में हर कोई यूपीआई पेमेंट का इस्तेमाल करने लगा है. अब आपको 5 स्टार होटल से लेकर बाजार में एक सब्जी की ठेली पर भी यूपीआई पेमेंट का विकल्प मिल जाएगा. ऐसे में यूपीआई भी अपने यूजर्स को कई तरह की सुविधा दे रहा है. आने वाले दिनों में आपके खाते में पैसा न होने पर भी आप आराम से यूपीआई पेमेंट कर सकेंगे. क्योंकि, भारतीय राष्ट्रीय भुगतान निगम (NPCI) जल्द ही UPI इस्तेमाल करने वाले ग्राहकों के लिए क्रेडिट लाइन सुविधा शुरू करने वाला है. लगभग 9 महीने पहले ही यूपीआई पर क्रेडिट लाइन के बारे में ऐलान किया गया था. यह सुविधा शुरू होने के बाद आपका यूपीआई खाता क्रेडिट कार्ड की तरह काम करेगा. तो आइए जानते हैं आपको इस सुविधा का लाभ कैसे मिलेगा?
क्या है क्रेडिट लाइन सुविधा?
क्रेडिट लाइन सुविधा प्री-अप्रूव्ड लोन (Pre-Approved Loan) के जैसी ही होती है. ग्राहकों के यूपीआई खाते उनके बैंक खातों से लिंक होते हैं. ग्राहकों को सिबिल (CIBIL) स्कोर के आधार पर क्रेडिट लाइन की सुविधा (Credit Line Facility) मिलेगी., हालांकि शुरुआत में इसके इस्तेमाल केवल व्यापारी ही कर सकते हैं.
बैंक वसूलेंगे निश्चित ब्याज
एनपीसीआई के अनुसार हर ग्राहक को उसके सिबिल स्कोर के हिसाब से क्रेडिट लाइन मिलेगी. इसका इस्तेमाल सिर्फ व्यापारी के पास किया जा सकेगा. इसके बदले बैंक निश्चित ब्याज भी वसूलेंगे. निगम ने कई निजी और सरकारी बैंकों से इस संबंध में बात भी की है. अब तक आईसीआईसीआई (ICICI) बैंक, एचडीएफसी (HDFC) बैंक, पंजाब नेशनल बैंक (PNB) , इंडियन बैंक और एक्सिस बैंक इस सुविधा से जुड़ने की सहमति दे चुके हैं.
जितना खर्चा उतने पर ही ब्याज
यूपीआई में मिलने वाली क्रेडिट लाइन पर आपको तब तक कोई ब्याज नहीं देना होगा, जब तक कि आपने फंड का इस्तेमाल नहीं किया है. आप जितने फंड का इस्तेमाल करेंगे, सिर्फ उतनी राशि पर ही ब्याज चुकाना होगा. यह एक तरह से ओवरड्राफ्ट सुविधा की तरह काम करेगा. मान लीजिए आपको 20,000 रुपए का क्रेडिट लाइन मिला और इस्तेमाल सिर्फ 10,000 रुपए ही किया है तो सिर्फ 10,000 रुपए पर ही ब्याज देना पड़ेगा.
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दुकानदारों को भी होगा ये फायदा
इस सुविधा का फायदा ग्राहकों के साथ दुकानदारों को भी होगा. अभी क्रेडिट कार्ड से 2000 से ऊपर का भुगतान करने पर दुकानदारों को करीब 2 प्रतिशत चार्ज देना पड़ता है. यूपीआई में क्रेडिट लाइन मिलने के बाद उन्हें इस तरह की फीस नहीं चुकानी होगी. आपको बता दें, क्रेडिट कार्ड में एक निश्चित अवधि तक आपको कोई ब्याज नहीं देना पड़ता, लेकिन यूपीआई की क्रेडिट लाइन में आपको इस्तेमाल की गई राशि पर ब्याज देना पड़ेगा.
इतना देना होगा इंटरचेंज
हर लेन-देन पर व्यापारी क्रेडिट जारीकर्ता को कमीशन देता है, जिसे इंटरचेंज कहते हैं. मर्चेंट डिस्काउंट रेट का यह 90 प्रतिशत हिस्सा होता है. ट्रांजैक्शन को और ज्यादा सुविधाजनक बनाने के लिए व्यापारी बैंकों को यह शुल्क देते हैं. एनपीसीआई जल्द ही यूपीआई क्रेडिट लाइन के लिए 1.2 प्रतिशत इंटरचेंज का ऐलान कर सकता है. इस संबंध में जल्द ही सर्कुलर जारी किया जा सकता है. यूपीआई ऐप्स और बैंकों से कमाई में हिस्से को लेकर बातचीत कर रही है.
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