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दवाओं के निर्माण में एआई का बढ़ जाएगा इस्तेमाल, क्या सस्ती होगी आम आदमी की दवा?
CPHI की रिपोर्ट कहती है कि दुनियाभर का फॉर्मा सेक्टर आने वाले समय में पूरी तरह से बदलने वाला है. इसका असर दवाओं की कीमतों पर भी देखने को मिल सकता है.
बिजनेस वर्ल्ड ब्यूरो 2 years ago
एआई का इस्तेमाल तेजी से बढ़ रहा है. हर इंडस्ट्री यही कोशिश कर रही है कि आखिर कैसे इसका इस्तेमाल ज्यादा से ज्यादा अपने प्रोडक्सन से लेकर दूसरी चीजों में करें. इसी कड़ी में फॉर्मास्यूटिकल इंग्रेडिएंट (सीपीएचआई) की रिपोर्ट कह रही है कि अगले 10 सालों में दवाओं के निर्माण में 50 प्रतिशत तक एआई का इस्तेमाल होने लगेगा. यही नहीं रिपोर्ट ये भी कह रही है कि फॉर्मा इंडस्ट्री इसे लाने को लेकर इतनी तेजी से काम कर रही है कि 2026 तक दवा विकास की बहुत सी प्रक्रियाएं बदल जाएंगी.
इस रिपोर्ट में 35 से ज्यादा देशों की ली गई है राय
इस रिपोर्ट में 35 से अधिक देशों की 250 से ज्यादा कंपनियों की राय ली गई है. 62 प्रतिशत से ज्यादा दवा बनाने वाली कंपनियों ने कहा है कि एफडीए अगले 5 सालों के अंदर पूरी तरह से एआई खोज और विकसित दवा चिकित्सा को मंजूरी देना शुरु कर देगा. जबकि 20 प्रतिशत लोगों को लगता है कि ऐसा सिर्फ 2 साल के अंदर ही होने लगेगा. रिपोर्ट ये भी कहती है कि 2030 तक 52 प्रतिशत ऐसी दवाओं को अप्रूवल मिलने लगेगा जिन्हें एआई के द्वारा बनाया गया होगा.
जैसे-जैसे डेटा इक्टठा होगा और बढ़ेगी कुशलता
फॉर्माटेक एसोसिएट्स के चीफ साइंस ऑफिसर बिकास चटर्जी ने कहा कि आज प्रोटीन संरचनाओं का मूल्यांकन करने के लिए हमारे पास जो उपकरण मौजूद हैं वो जबरदस्त हैं. जैसे-जैसे हम डेटा इक्टठा करते हैं और उन्हें एआई में फीड करते जाएंगे उनकी क्वॉलिटी में और सुधार होता जाएगा. उससे हमारे स्टैंडर्ड और सुधरते जाएंगे. रिपोर्ट में कहा गया है कि आज हम एआई के द्वारा अणुओं को बनाए जाने की प्रक्रिया के बहुत नजदीक हैं. सिर्फ यही नहीं ज्यादातर ड्रग थेरेपी को एआई के कुछ तत्वों को एआई के द्वारा पहचाना जाने लगेगा.
कीमतों पर पड़ेगा क्या असर?
रिपोर्ट दवाओं की कीमतों को लेकर अपनी बात कहती है. रिपोर्ट एआई के मीडियम टर्म इम्पैक्ट के बारे में बताते हुए कहती है कि 2026 तक फॉर्मा सेक्टर द्वारा इस्तेमाल की जाने वाली 4 बड़ी और प्रमुख टेक्नोलॉजियों में ये एआई का इस्तेमाल होने लगेगा. रिपोर्ट में ये भी बताया गया है कि एआई के इस्तेमाल होने के कारण क्लिनिकल परीक्षण डिजाइन सिलिको मॉडलिंग और मैन्यूफैक्चरिंग कैपेसिटी में सुधार के कारण कीमतों में भी कमी हो सकती है. सर्वे में भाग लेने वाले ये भी कहते हैं कि दवा की खोज के लिए शुरुआत में इसका इस्तेमाल सबसे पहले शुरू हो सकता है. इस रिपोर्ट यही बताने का प्रयास कर रही है कि पूरी दुनिया में फॉर्मा सेक्टर में आने वाले समय में एआई बड़ा बदलाव कर देगा.
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