होम / बिजनेस / #UPGISWithBW: राजनाथ सिंह ने बताया 'मेक इन इंडिया, मेक फॉर द वर्ल्ड' के लिए क्या है जरूरी

#UPGISWithBW: राजनाथ सिंह ने बताया 'मेक इन इंडिया, मेक फॉर द वर्ल्ड' के लिए क्या है जरूरी

डिफेंस मिनिस्टर ने रक्षा क्षेत्र की कंपनियों से अपने निवेश को बढ़ाने और अनुसंधान एवं विकास पर अधिक जोर देने का आग्रह किया.

बिजनेस वर्ल्ड ब्यूरो 3 years ago

यूपी ग्लोबल इन्वेस्टर्स समिट (GIS) 2023 में रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह (Rajnath SIngh) ने कहा कि उत्तर प्रदेश और तमिलनाडु रक्षा औद्योगिक गलियारों (DIC) में निवेश बढ़ाए जाने की जरूरत है. 'एडवांटेज उत्तर प्रदेश: डिफेंस कॉरिडोर' सेशन को संबोधित करते हुए राजनाथ सिंह ने कहा कि साझा वैश्विक समृद्धि के लिए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की तैयारी के अनुरूप 'मेक इन इंडिया, मेक फॉर द वर्ल्ड' का लक्ष्य हासिल करने के लिए उत्तर प्रदेश और तमिलनाडु डिफेंस इंडस्ट्रियल कॉरिडोर में निवेश बढ़ाए जाने की जरूरत है.  

रक्षा कंपनियों से कही ये बात
डिफेंस मिनिस्टर ने रक्षा क्षेत्र की कंपनियों से रक्षा उद्योग को नई ऊंचाइयों पर ले जाने और देश के समग्र विकास को सुनिश्चित करने के लिए अपने निवेश को बढ़ाने और अनुसंधान एवं विकास पर अधिक जोर देने का आग्रह किया. राजनाथ सिंह ने कहा कि सरकार एक आत्मनिर्भर रक्षा उद्योग बनाने में कोई कसर नहीं छोड़ रही है जो सशस्त्र बलों को अत्याधुनिक हथियार और प्रौद्योगिकियां प्रदान करता है और राष्ट्र को 'आत्मनिर्भर' बनाने के लिए महत्वपूर्ण है. उन्होंने कहा कि सदियों के विदेशी शासन और आजादी के बाद के दशकों तक आयात पर निर्भरता के बाद, सरकार और निजी क्षेत्र के सहयोगी प्रयासों के कारण देश पिछले कुछ साल से एक आत्मनिर्भर रक्षा क्षेत्र का उदय देख रहा है.

हमारे पास थे दो विकल्प
उन्होंने कहा कि पिछले 7-8 सालों में PM मोदी के नेतृत्व में, भारत एक बार फिर से अपनी नई पहचान बनाते हुए अपने पुराने गौरव को हासिल करने के लिए उठ खड़ा हुआ है. सत्ता में आने के बाद रक्षा क्षेत्र को लेकर हमारे पास दो विकल्प थे. पहला परिस्थितियों के लिए पिछली सरकारों को दोष देना और दूसरा अभूतपूर्व विकास की ओर ले जाने वाला नया रास्ता बनाना. हमने दूसरा विकल्प चुना और समर्पण और उत्साह के साथ आगे बढ़े. अब हर रोज हम रक्षा में 'आत्मनिर्भरता' के अपने लक्ष्य के और करीब आ रहे हैं.  

रक्षा क्षेत्र की रीढ़ बनेंगे DIC
रक्षा मंत्री ने कहा कि रक्षा उद्योग को बुनियादी सुविधाएं प्रदान करने में मदद करने के लिए DIC की परिकल्पना की गई है, जिससे यह विश्वास व्यक्त होता है कि वे जल्द ही इस क्षेत्र की रीढ़ बन जाएंगे. UPDIC पर उन्होंने कहा कि कॉरिडोर नोड्स (आगरा, अलीगढ़, चित्रकूट, झांसी, कानपुर और लखनऊ) ऐतिहासिक रूप से महत्वपूर्ण औद्योगिक क्षेत्र हैं, जो न केवल राज्य बल्कि पूरे देश से जुड़े हैं. इस कॉरिडोर में रक्षा उद्योग को एक पारिस्थितिकी तंत्र प्रदान करने की क्षमता है जो अनुसंधान एवं विकास और उत्पादन में शामिल किसी भी संगठन के लिए महत्वपूर्ण है.

2,500 करोड़ का निवेश हुआ
रक्षा मंत्री ने कहा कि देश में सत्ता के गलियारे हैं जो देश के शासन को चलाने के लिए आवश्यक हैं, लेकिन जब ये गलियारे उद्योगों के काम में दखल देने लगते हैं तो लालफीताशाही बढ़ती है और कारोबार पर प्रतिकूल असर पड़ता है. इसे ध्यान में रखते हुए सरकार के अनावश्यक हस्तक्षेप से मुक्त, उद्योगपतियों के लिए दो समर्पित कॉरिडोर (यूपी और तमिलनाडु) बनाए गए थे. रक्षा मंत्री ने बताया कि यूपीडीआईसी की स्थापना के बाद बहुत कम समय में 100 से अधिक निवेशकों के साथ समझौता ज्ञापनों पर हस्ताक्षर किए गए हैं. अब तक 30 से अधिक संगठनों को 550 हेक्टेयर से अधिक भूमि आवंटित की जा चुकी है और लगभग 2,500 करोड़ रुपए का निवेश किया जा चुका है. उन्होंने उम्मीद जताई कि यूपीडीआईसी राज्य के रक्षा उद्योग को और अधिक ऊंचाई दिलाने के लिए एक रनवे साबित होगा.

रक्षा निर्यात में इजाफा
राजनाथ सिंह ने रक्षा उद्योग को मजबूत करने के लिए केंद्र सरकार द्वारा उठाए गए कदमों का भी जिक्र किया. इनमें निजी क्षेत्र की भागीदारी को प्रोत्साहित करने के उपाय, घरेलू खरीद के लिए रक्षा के पूंजीगत व्यय का एक निश्चित हिस्सा निर्धारित करना, घरेलू वस्तुओं की खरीद के लिए रक्षा बजट के एक बड़े हिस्से का आवंटन, सकारात्मक स्वदेशीकरण सूचियों की अधिसूचना, एफडीआई सीमा में वृद्धि और बैंकिंग क्षेत्र में सुधार शामिल हैं. रक्षा मंत्री ने कहा कि सरकार द्वारा किए गए प्रयास रंग ला रहे हैं क्योंकि भारत न सिर्फ अपनी सुरक्षा जरूरतों को पूरा करने के लिए रक्षा उपकरणों का निर्माण कर रहा है, बल्कि 'मेक इन इंडिया, मेक फॉर द वर्ल्ड' के तहत मित्र देशों की आवश्यकताओं को भी पूरा कर रहा है. उन्होंने कहा कि 2014 में 1,000 करोड़ रुपए से कम की तुलना में पिछले साल रक्षा निर्यात कई गुना बढ़कर 13,000 करोड़ रुपए हो गया.  


टैग्स
सम्बंधित खबरें

विदेशी निवेशकों का भारत पर फिर बढ़ा भरोसा, मजबूत मांग और FDI-FPI प्रवाह से अर्थव्यवस्था को मिला सहारा: RBI रिपोर्ट

आरबीआई की ताजा 'स्टेट ऑफ द इकोनॉमी' रिपोर्ट के अनुसार, चालू वित्त वर्ष की पहली तिमाही में निर्यात और आयात दोनों में तेज वृद्धि दर्ज की गई, जो भारत के बाह्य व्यापार की मजबूत रफ्तार को दर्शाती है.

40 minutes ago

सेंसेक्स-निफ्टी में बड़ी गिरावट के बाद आज इन शेयरों में रह सकती है हलचल, जानिए क्यों

बुधवार को बीएसई सेंसेक्स 715.06 अंक यानी 0.92% की गिरावट के साथ 76,755.05 अंक पर बंद हुआ. वहीं, एनएसई निफ्टी 191.45 अंक यानी 0.79% टूटकर 23,996.25 अंक पर बंद हुआ.

1 hour ago

Mobavenue AI Tech का बड़ा दांव, नई ब्रांड पहचान के साथ लॉन्च किया AI आधारित Neural Engine

कंपनी की यह रीब्रांडिंग एक बूटस्ट्रैप्ड मुंबई स्टार्टअप से सूचीबद्ध वैश्विक AdTech प्लेटफॉर्म तक के उसके विकास को दर्शाती है. इसके साथ ही कंपनी ने एक नई AI इंटेलिजेंस लेयर भी पेश की है, जिसे इस तरह तैयार किया गया है कि वह मार्केटर्स के विज्ञापन की योजना बनाने, लॉन्च करने और उसके प्रदर्शन को मापने के तरीके को बदल सके.

12 hours ago

FireAI को SucSEED Indovation Fund से मिला 2.5 करोड़ रुपये का निवेश, एंटरप्राइज विस्तार पर देगी जोर

AI आधारित डिसीजन इंटेलिजेंस प्लेटफॉर्म FireAI निवेश का इस्तेमाल सेल्स इंफ्रास्ट्रक्चर बढ़ाने और रिसर्च एंड डेवलपमेंट को मजबूत करने में करेगी.

15 hours ago

भारत का तीसरा इंपोर्ट बिल

देश ने एक पीढ़ी तक दो बड़ी निर्भरताओं को संभाला है, कच्चा तेल और सोना. अब तीसरी निर्भरता चुपचाप हर AI-पावर्ड ऐप और वर्कफ्लो के अंदर बन रही है, जिसकी कीमत टोकन के आधार पर तय होती है, बिल डॉलर में आता है और जिसका स्वामित्व लगभग पूरी तरह विदेशों में है.

16 hours ago


बड़ी खबरें

सेंसेक्स-निफ्टी में बड़ी गिरावट के बाद आज इन शेयरों में रह सकती है हलचल, जानिए क्यों

बुधवार को बीएसई सेंसेक्स 715.06 अंक यानी 0.92% की गिरावट के साथ 76,755.05 अंक पर बंद हुआ. वहीं, एनएसई निफ्टी 191.45 अंक यानी 0.79% टूटकर 23,996.25 अंक पर बंद हुआ.

1 hour ago

विदेशी निवेशकों का भारत पर फिर बढ़ा भरोसा, मजबूत मांग और FDI-FPI प्रवाह से अर्थव्यवस्था को मिला सहारा: RBI रिपोर्ट

आरबीआई की ताजा 'स्टेट ऑफ द इकोनॉमी' रिपोर्ट के अनुसार, चालू वित्त वर्ष की पहली तिमाही में निर्यात और आयात दोनों में तेज वृद्धि दर्ज की गई, जो भारत के बाह्य व्यापार की मजबूत रफ्तार को दर्शाती है.

40 minutes ago

मध्य प्रदेश के मुख्य सचिव अनुराग जैन को मिली बड़ी जिम्मेदारी, बने नीति आयोग के CEO

1989 बैच के IAS अधिकारी अनुराग जैन ने सड़क परिवहन, उद्योग संवर्धन और प्रधानमंत्री कार्यालय में निभाई हैं अहम जिम्मेदारियां

51 minutes ago

धोनी का क्लीनटेक पर बड़ा दांव, SolarSquare में किया निवेश; 510 करोड़ रुपये की फंडिंग का बने हिस्सा

SolarSquare इस नई पूंजी का उपयोग अपने कारोबार के विस्तार में करेगी. कंपनी की योजना अगले चरण में 30 से 40 नए शहरों में प्रवेश करने की है.

18 hours ago

Mobavenue AI Tech का बड़ा दांव, नई ब्रांड पहचान के साथ लॉन्च किया AI आधारित Neural Engine

कंपनी की यह रीब्रांडिंग एक बूटस्ट्रैप्ड मुंबई स्टार्टअप से सूचीबद्ध वैश्विक AdTech प्लेटफॉर्म तक के उसके विकास को दर्शाती है. इसके साथ ही कंपनी ने एक नई AI इंटेलिजेंस लेयर भी पेश की है, जिसे इस तरह तैयार किया गया है कि वह मार्केटर्स के विज्ञापन की योजना बनाने, लॉन्च करने और उसके प्रदर्शन को मापने के तरीके को बदल सके.

12 hours ago