✕

होम / बिजनेस / भारतीय सेना से Force Motors को मिला 3,000 गुरखा लाइट का ऑर्डर, शेयर में 12% की उछाल

भारतीय सेना से Force Motors को मिला 3,000 गुरखा लाइट का ऑर्डर, शेयर में 12% की उछाल

भारतीय सेना से व्हीकल्स का ऑर्डर मिलने के बाद Force Motors के शेयरों में तेज उछाल आया है. वहीं, कंपनी ने तिमाही नतीजों में मजबूत प्रदर्शन के बाद डिविडेंड की घोषणा भी की है.

बिजनेस वर्ल्ड ब्यूरो 1 year ago

फोर्स मोटर्स (Force Motors) को इंडियन आर्मी से 2978 लाइट वाहनों (गुरखा GS 4x4 800kg Soft Top) की आपूर्ति का ऑर्डर मिला है. इस खबर के बाद से कंपनी के शेयर में तेजी देखने को मिली है. शुक्रवार को फोर्स मोटर्स के शेयरों में जबरदस्त उछाल दर्ज हुई और ये शेयर 12.41 प्रतिशत की तेजी के साथ  10,020.00 के स्तर पर बंद हुआ, जो कि इसका 52 हफ्तों का उच्चतम स्तर है. फरवरी में आए न्यूनतम स्तर ₹6,210.55 से अब तक कंपनी के शेयरों ने 60% से अधिक रिटर्न दिया है. कंपनी ने हाल में तिमाही नतीजे भी जारी किए हैं, तो आइए कंपनी के तिमाही नतीजे पर नजर डालते हैं.

डिविडेंड का भी किया ऐलान

फोर्स मोटर्स ने मार्च तिमाही के शानदार नतीजों के साथ एक बड़ी घोषणा की है. कंपनी ने ₹10 फेस वैल्यू वाले एक शेयर पर ₹40 का डिविडेंड देने की घोषणा की है. बीते एक साल में कंपनी के शेयरों में 5% से अधिक की बढ़त दर्ज की गई है, जबकि इस दौरान सेंसेक्स में 7.90% की तेजी रही है.

मार्च तिमाही में मुनाफे और रेवेन्यू में दमदार ग्रोथ

जनवरी से मार्च 2025 की तिमाही में फोर्स मोटर्स ने ₹268.11 करोड़ का नेट प्रॉफिट कमाया है. यह लाभ सालाना आधार पर 27.2% और तिमाही दर तिमाही आधार पर 56% अधिक है. वहीं, कंपनी की रेवेन्यू ग्रोथ भी उल्लेखनीय रही. ऑपरेशंस से रेवेन्यू सालाना आधार पर 17% और तिमाही आधार पर 24.70% बढ़कर ₹2,355.90 करोड़ तक पहुंच गया है.

सेना को मिलेंगे 2978 गुरखा व्हीकल्स

कंपनी ने जानकारी दी थी कि उसे इंडियन डिफेंस फोर्स से 2978 गुरखा लाइट वाहनों का ऑर्डर मिला है. ये वाहन सैन्य उपयोग के लिए विशेष रूप से तैयार किए गए हैं और कंपनी के लिए एक बड़ा बिजनेस ब्रेकथ्रू माने जा रहे हैं.

(डिस्क्लेमर : शेयर बाजार जोखिमों के अधीन है, यह खबर केवल सूचना के उद्देश्य से लिखी गई है. BW हिन्दी आपको किसी भी तरह के निवेश की सलाह नहीं देता है, अगर आप निवेश करना चाहते हैं, तो पहले किसी एक्सपर्ट से सलाह जरूर लें.) 


टैग्स  
सम्बंधित खबरें

2049 तक बदल जाएगी भारत की जनसांख्यिकी, ‘वृद्ध समाज’ बनने से बढ़ेंगी आर्थिक चुनौतियां: मूडीज

प्रजनन दर में गिरावट और तेजी से बढ़ती बुजुर्ग आबादी से पेंशन, स्वास्थ्य सेवाओं और सरकारी वित्त पर बढ़ सकता है दबाव; उत्पादकता बढ़ाना और श्रमबल का विस्तार होगा अहम

1 hour ago

टाटा संस की लिस्टिंग से ग्रुप कंपनियों की रेटिंग पर क्या होगा असर? S&P ने दिया बड़ा अपडेट

S&P के मुताबिक, टाटा समूह की रेटिंग वाली कंपनियां स्वतंत्र पेशेवर प्रबंधन के तहत काम करती हैं, लेकिन टाटा संस उनकी रणनीतिक दिशा को प्रभावित करती है.

2 hours ago

कच्चा तेल नरम, एशियाई बाजार मजबूत, फिर भी गिफ्ट निफ्टी कमजोर; आज कैसी होगी शुरुआत?

मंगलवार को सेंसेक्स 242.65 अंक यानी 0.33 फीसदी की गिरावट के साथ 72,529.07 पर बंद हुआ. वहीं, निफ्टी इंडेक्स 64.05 अंक यानी 0.28 फीसदी की गिरावट के साथ 22,716.20 पर बंद हुआ.

2 hours ago

यूएई भारत में करेगा 25 अरब डॉलर का अतिरिक्त निवेश, पोर्ट, एनर्जी और स्पेस पर फोकस

2032 तक दोनों देशों के बीच द्विपक्षीय व्यापार को 200 अरब डॉलर तक पहुंचाने का लक्ष्य, भारत में पहले ही करीब 25 अरब डॉलर का निवेश कर चुका है यूएई

17 hours ago

बॉम्बे रेयॉन की दिवाला जांच: बिना बही-खातों के ₹483 करोड़ के सप्लायर बिल

भाग 2: बॉम्बे रेयॉन की दिवाला प्रक्रिया में उसके सप्लायर्स द्वारा किए गए कुल दावों में से आधे से अधिक का कंपनी के अपने रिकॉर्ड से मिलान नहीं हो सका, इनमें से ₹317 करोड़ चार ट्रेडिंग कंपनियों के थे, जिनके पास कोई मिल नहीं है. संबंधित पक्ष के तौर पर चिन्हित किए गए केवल दो दावे प्रमोटर्स से जुड़े थे, और दोनों का पूरा भुगतान किया गया, जबकि 2,027 कर्मचारियों को प्रति रुपये पर 14 पैसे की वसूली हुई. यह वही कंपनी है, जिसकी खरीद के आधार पर स्टेट बैंक ऑफ इंडिया ने कर्ज दिया, तीन बार पुनर्गठन किया और अंततः ₹1,300 करोड़ से अधिक की रकम को बट्टे खाते में डाल दिया.

18 hours ago


बड़ी खबरें

कच्चा तेल नरम, एशियाई बाजार मजबूत, फिर भी गिफ्ट निफ्टी कमजोर; आज कैसी होगी शुरुआत?

मंगलवार को सेंसेक्स 242.65 अंक यानी 0.33 फीसदी की गिरावट के साथ 72,529.07 पर बंद हुआ. वहीं, निफ्टी इंडेक्स 64.05 अंक यानी 0.28 फीसदी की गिरावट के साथ 22,716.20 पर बंद हुआ.

2 hours ago

बॉम्बे रेयॉन की दिवाला जांच: बिना बही-खातों के ₹483 करोड़ के सप्लायर बिल

भाग 2: बॉम्बे रेयॉन की दिवाला प्रक्रिया में उसके सप्लायर्स द्वारा किए गए कुल दावों में से आधे से अधिक का कंपनी के अपने रिकॉर्ड से मिलान नहीं हो सका, इनमें से ₹317 करोड़ चार ट्रेडिंग कंपनियों के थे, जिनके पास कोई मिल नहीं है. संबंधित पक्ष के तौर पर चिन्हित किए गए केवल दो दावे प्रमोटर्स से जुड़े थे, और दोनों का पूरा भुगतान किया गया, जबकि 2,027 कर्मचारियों को प्रति रुपये पर 14 पैसे की वसूली हुई. यह वही कंपनी है, जिसकी खरीद के आधार पर स्टेट बैंक ऑफ इंडिया ने कर्ज दिया, तीन बार पुनर्गठन किया और अंततः ₹1,300 करोड़ से अधिक की रकम को बट्टे खाते में डाल दिया.

18 hours ago

2049 तक बदल जाएगी भारत की जनसांख्यिकी, ‘वृद्ध समाज’ बनने से बढ़ेंगी आर्थिक चुनौतियां: मूडीज

प्रजनन दर में गिरावट और तेजी से बढ़ती बुजुर्ग आबादी से पेंशन, स्वास्थ्य सेवाओं और सरकारी वित्त पर बढ़ सकता है दबाव; उत्पादकता बढ़ाना और श्रमबल का विस्तार होगा अहम

1 hour ago

टाटा संस की लिस्टिंग से ग्रुप कंपनियों की रेटिंग पर क्या होगा असर? S&P ने दिया बड़ा अपडेट

S&P के मुताबिक, टाटा समूह की रेटिंग वाली कंपनियां स्वतंत्र पेशेवर प्रबंधन के तहत काम करती हैं, लेकिन टाटा संस उनकी रणनीतिक दिशा को प्रभावित करती है.

2 hours ago

यूएई भारत में करेगा 25 अरब डॉलर का अतिरिक्त निवेश, पोर्ट, एनर्जी और स्पेस पर फोकस

2032 तक दोनों देशों के बीच द्विपक्षीय व्यापार को 200 अरब डॉलर तक पहुंचाने का लक्ष्य, भारत में पहले ही करीब 25 अरब डॉलर का निवेश कर चुका है यूएई

17 hours ago