उद्यम की महत्त्वपूर्ण भूमिका के बारे में बात करते हुए शिव प्रताप शुक्ल ने कहा कि भारत सिर्फ मार्केट नहीं है, यह इनोवेशन की जमीन है.
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बिजनेस वर्ल्ड ब्यूरो ।।
हाल ही में हिमाचल प्रदेश के गवर्नर शिव प्रताप शुक्ल ने EDII (Entrepreneurship Development Institute Of India) में ‘अमृत काल का भारत’ नामक विषय पर एक विशेष भाषण दिया. इस विशेष भाषण का आयोजन EDII अहमदाबाद द्वारा भारतीय थिंक काउंसिल (India Think Council) के साथ मिलकर किया गया था.
इनोवेशन की जमीन-भारत
अमृत काल का भारत नामक इस विशेष भाषण के आयोजन के दौरान EDII के डायरेक्टर जनरल डॉक्टर सुनील शुक्ल, DICCI के फाउंडर एवं चेयरमैन और EDII के सदस्य मिलिंद कांबले एवं भारतीय थिंक काउंसिल (India Think Council) के डायरेक्टर सौरभ पाण्डेय भी मौजूद थे. अमृत काल के भारत में उद्यम की महत्त्वपूर्ण भूमिका के बारे में बात करते हुए शिव प्रताप शुक्ल ने कहा कि भारत सिर्फ एक मार्केट नहीं है, यह इनोवेशन की जमीन है. वित्तीय क्रान्ति, शिक्षा के क्षेत्र में नई पहलें, टैक्सेशन की क्रांति, सबको शामिल करके आगे बढ़ने पर जोर देना आदि भारतीय सरकार द्वारा किए गए कुछ विशेष काम हैं.
आगे बढ़ती इकॉनमी की रीढ़ की हड्डी है उद्यम
इसके साथ ही उन्होंने यह भी कहा कि लोगों की समस्याओं को समझते हुए समस्याओं की जड़ों तक जाकर उनपर काम करने और लोगों की आवश्यक जरूरतों को पूरा करने की भारतीय सरकार की पहल काफी सराहनीय है. इसके साथ ही उन्होंने बताया कि वह लोगों की भी तारीफ करते हैं कि वह विकास की इस प्रक्रिया में शामिल हुए और उन्होंने इस प्रक्रिया में भाग लिया. उद्यम के बारे में बात करते हुए उन्होंने कहा कि यह एक तेजी से आगे बढ़ती इकॉनमी की रीढ़ की हड्डी है.
नौजवानों को मिल रहे हैं नए मौके
इस मौके पर EDII के डायरेक्टर जनरल डॉ सुनील शुक्ल ने कहा कि भारत की प्रोग्रेसिव नीतियां और कई पहलें काफी निर्णायक साबित हुई हैं. EDII अमृत काल के भारत के विजन के अनुरूप ही काम कर रहा है. विभिन्न सरकारी विभागों और मंत्रालयों के साथ मिलकर EDII के प्रोग्राम और उसके काम की बदौलत बहुत से कारीगरों, महिलाओं और नौजवानों को नए मौके मिल रहे हैं. DICCI के फाउंडर एवं चेयरमैन मिलिंद कांबले ने कहा कि जब हम अमृत काल की बात करते हैं तो मैं शिक्षा के क्षेत्र को मजबूत किये जाने की दिशा में उठाये गए कदमों की सराहना करता हूं. NEP 2020 (राष्ट्रीय शिक्षा नीति 2020) की बदौलत देश के युवा ज्यादा कुशल बनेंगे और वह अमृत काल के भारत के सबसे मजबूत पिलर के रूप में सामने आएंगे.
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