Jawan ने 75 करोड़ रुपयों की ओपनिंग की थी जिसके बाद यह फिल्म अब तक की सबसे बड़ी हिंदी ओपनर बन गई थी.
by
पवन कुमार मिश्रा
बॉलीवुड के बादशाह खान (Shahrukh Khan) की नई फिल्म जवान (Jawan Box Office Collection) को सिनेमाघरों में रिलीज हुए आज 18 दिन पूरे हो चुके हैं. जहां एक तरफ फिल्म अब तक की सबसे बड़ी हिंदी ओपनर फिल्म बन चुकी है, वहीं दूसरी तरफ यह फिल्म एक ऐसी सुनामी लेकर आई है जो रुकने का नाम नहीं ले रही है.
Jawan ने तोड़े कई रिकॉर्ड!
अपने पहले ही दिन Jawan (Jawan Box Office Collection) ने 75 करोड़ रुपयों की धमाकेदार ओपनिंग की थी जिसके बाद यह फिल्म अब तक की सबसे बड़ी हिंदी ओपनिंग फिल्म बन गई थी. इतना ही नहीं, अपनी ओपनिंग वाले दिन ही फिल्म ने वर्ल्डवाइड बॉक्स ऑफिस पर 100 करोड़ रुपयों का आंकडा पार कर लिया था. भारतीय बॉक्स ऑफिस पर फिल्म आज लगभग 565 करोड़ रुपयों की कलेक्शन पर पहुंच चुकी है और अभी भी फिल्म की ऑक्यूपेंसी लगभग 30% के आस पान बनी हुई है. फिल्म के तेलुगु और तमिल संस्करणों की ऑक्यूपेंसी की बात करें तो इस वक्त फिल्म 25% और लगभग 47% ऑक्यूपेंसी के साथ तेज रफ़्तार से आगे बढ़ रही है.
विपरीत अवस्था और Jawan Box Office Collection
शाहरुख खान की फिल्म जवान (Jawan Box Office Collection) के बॉक्स ऑफिस रन को सुनामी का दर्जा इसलिए भी दिया जा रहा है क्योंकि फिल्म ने कई विपरीत अवस्थाओं के बावजूद भी लगातार अपनी तेज रफ्तार को पकड़कर रखा हुआ है. जहां फिल्म के अगले ही दिन यानी 8 सितंबर से दिल्ली में G20 समिट (G20 summit) का आयोजन किया गया था और शहर में सुरक्षा के कड़े इंतजाम किए गए थे, वहीँ हाल ही में गणेश चतुर्थी भी थी जिसकी वजह से सिनेमाघरों में फूटफॉल में कमी देखने को मिली थी. इस सबके बावजूद भी फिल्म ने अपनी तेज रफ्तार को कायम रखा है.
वर्ल्डवाइड सबसे तेज Jawan
अगर वर्ल्डवाइड बॉक्स ऑफिस की बात करें तो फिल्म ने एक और शानदार रिकॉर्ड को अपने नाम कर लिया है. आपकी जानकारी के लिए बता दें कि जवान (Jawan Box Office Collection) वर्ल्डवाइड बॉक्स ऑफिस पर सबसे तेजी से 1000 करोड़ रुपए का आंकड़ा पार करने वाली फिल्म बन चुकी है. 10 दिनों से कम समय में 1000 करोड़ का आंकडा पार करने वाली जवान बॉलीवुड की इकलौती फिल्म बन चुकी है. और ग्लोबल बॉक्स ऑफिस पर फिल्म सबसे ज्यादा कमाई करने वाली बॉलीवुड फिल्म भी बन चुकी है. इससे पहले इसी साल शाहरुख खान की फिल्म पठान (Pathaan) आई थी और 1000 करोड़ का आंकडा पार करने में इस फिल्म को 27 दिनों का समय लग गया था. आपको बता दें कि काम के मामले में शाहरुख खान अब राजकुमार हिरानी की फिल्म Dunki में नजर आएंगे और यह फिल्म इस साल क्रिसमस के मौके पर रिलीज की जा सकती है.
यह भी पढ़ें: IPO से कमाना है मोटा मुनाफा? Plaza Wires बन सकता है बेहतर विकल्प!
सन् 1933 में जन्मी आशा भोसले ने बहुत कम उम्र में ही संगीत की दुनिया में कदम रख दिया था. वह केवल एक गायिका नहीं थीं, बल्कि भारतीय संगीत की आत्मा थीं. उनकी विरासत आने वाली पीढ़ियों को प्रेरित करती रहेगी.
by
बिजनेस वर्ल्ड ब्यूरो
भारतीय सिनेमा की सबसे प्रतिष्ठित आवाजों में शामिल महान पार्श्व गायिका आशा भोसले का 92 वर्ष की आयु में निधन हो गया. उनके जाने से भारतीय संगीत के एक स्वर्णिम युग का अंत हो गया है. जानकारी के अनुसार, आशा भोसले को हृदय और श्वसन संबंधी समस्याओं के कारण मुंबई के ब्रीच कैंडी अस्पताल में भर्ती कराया गया था. पिछले कुछ महीनों से उनकी तबीयत खराब चल रही थी. शनिवार रात उनकी हालत गंभीर होने पर उन्हें गहन चिकित्सा कक्ष में रखा गया था. उनके पुत्र आनंद भोसले ने रविवार दोपहर उनके निधन की पुष्टि की. परिवार के अनुसार, उनका अंतिम संस्कार अगले दिन किया जाएगा.
बचपन से शुरू हुआ संगीत सफर
सन् 1933 में प्रसिद्ध मंगेशकर परिवार में जन्मी आशा भोसले ने बहुत कम उम्र में ही संगीत की दुनिया में कदम रख दिया था. उन्होंने 1940 के दशक की शुरुआत में अपना पहला गीत रिकॉर्ड किया.
बहुमुखी प्रतिभा की अद्भुत मिसाल
आशा भोसले भारतीय सिनेमा की सबसे बहुमुखी और सफल पार्श्व गायिकाओं में से एक रहीं. उन्होंने हजारों गीतों को अपनी आवाज़ दी, जो विभिन्न भाषाओं और शैलियों में फैले हुए हैं. अपनी बड़ी बहन लता मंगेशकर के साथ अक्सर उनका नाम लिया जाता था, लेकिन आशा भोसले ने अपनी अलग पहचान बनाई. उन्होंने शास्त्रीय संगीत, ग़ज़ल, कैबरे और पॉप संगीत, हर शैली में उत्कृष्ट प्रदर्शन किया.
आठ दशकों तक चमका शानदार करियर
1950 के दशक से लेकर कई दशकों तक वे हिंदी सिनेमा के संगीत की प्रमुख आवाज़ बनी रहीं. उनका करियर आठ दशकों से भी अधिक समय तक फैला रहा, जिसमें उन्होंने हजारों गीत रिकॉर्ड किए. उन्हें भारतीय सिनेमा के सर्वोच्च सम्मान दादासाहब फाल्के अवॉर्ड और पद्म विभूषण जैसे प्रतिष्ठित पुरस्कारों से सम्मानित किया गया.
देशभर में शोक की लहर
आशा भोसले के निधन से पूरे देश में शोक की लहर दौड़ गई है. संगीत जगत और उनके करोड़ों प्रशंसक इस अपूरणीय क्षति से दुखी हैं. उनकी आवाज़ ने कई पीढ़ियों को प्रभावित किया और भारतीय संगीत में उनका योगदान सदैव याद रखा जाएगा.
आज बॉलीवुड अभिनेत्री व सांसद कंगना अपना 40वां जन्मदिन मना रही हैं.
by
बिजनेस वर्ल्ड ब्यूरो
कंगना रनौत का सफर साहस, हिम्मत और आत्मविश्वास की मिसाल है, जिसने उन्हें हमेशा नए और अनजाने रास्तों पर कदम रखने के लिए प्रेरित किया. आज यानी 23 मार्च को कंगना अपना 40वां जन्मदिन मना रही हैं, और इस खास मौके पर उनके जीवन की कहानी हमें दिखाती है कि किस तरह जोखिम, पुनःनिर्माण और अडिग आत्मविश्वास ने उनकी महत्वाकांक्षा को आकार दिया. हिमाचल प्रदेश के छोटे शहर से निकलकर हिंदी सिनेमा की चमक-दमक तक और अब संसद के गलियारों तक पहुँचने का उनका सफर यह साबित करता है कि सही जज्बे और मेहनत से कोई भी अनजान क्षेत्र जीत सकता है.
मुंबई में संघर्ष से सफलता तक
कंगना रनौत मुंबई में किशोरावस्था में केवल अपनी दृढ़ता के साथ आई थीं. शुरुआती साल संघर्ष और अनिश्चितताओं से भरे रहे, लेकिन धीरे-धीरे उन्होंने ऐसे किरदारों का चयन किया जो सामान्य ढाँचों को चुनौती देते थे. फिल्में क्वीन, तनु वेड्स मनु रिटर्न्स और मणिकर्णिका में उनके प्रदर्शन ने उन्हें जटिल और सशक्त पात्र निभाने वाली अदाकारा के रूप में स्थापित किया. उनके इस समर्पित कार्य ने उन्हें कई राष्ट्रीय फिल्म पुरस्कार दिलाए और 2020 में पद्मश्री सम्मान से नवाज़ा गया, जिससे वह अपनी पीढ़ी की सबसे मान्यता प्राप्त कलाकारों में शामिल हो गईं.
राजनीति में कदम
आज उनकी कहानी को और भी रोचक बनाता है उनका राजनीतिक जीवन में प्रवेश. 2024 में कंगना रनौत ने हिमाचल प्रदेश के मंडी से चुनावी राजनीति में कदम रखा. उनका अभियान न केवल उनके सार्वजनिक व्यक्तित्व के कारण देखा गया, बल्कि यह टिप्पणी से सक्रिय भागीदारी में बदलाव का प्रतीक भी था. उसी वर्ष लोकसभा चुनाव में उनकी जीत ने एक नए चरण की शुरुआत की, जिसमें अलग तरह की जिम्मेदारी और भागीदारी की जरूरत थी.
संसद में नई जिम्मेदारियां
पहली बार सांसद बनने के नाते, कंगना अब ऐसे क्षेत्र में काम कर रही हैं जहाँ निरंतर जनसंवाद, नीतियों की समझ और शासन के प्रति प्रतिबद्धता आवश्यक है. सिनेमा से राजनीति तक का यह संक्रमण सहज नहीं होता, लेकिन उनके मामले में यह स्पष्ट रूप से यह दर्शाता है कि उन्होंने अपने करियर की सीमाओं से परे जाने का निर्णय लिया. संसद में उनकी उपस्थिति फिल्म स्टार की दृश्यता के साथ-साथ एक सार्वजनिक प्रतिनिधि के रूप में अपेक्षाओं को भी जोड़ती है.
लगातार चुनौतियों का सामना
चाहे पर्दे पर हो या सार्वजनिक जीवन में, कंगना ने हमेशा ऐसे रास्ते चुने हैं जो परंपराओं को चुनौती देते हैं. राजनीति में उनका कदम इसी प्रवृत्ति का विस्तार है, जो उन्हें राष्ट्रीय स्तर की चर्चा में लाता है और साथ ही उनके गृह राज्य से जोड़ता भी है.
कंगना रनौत की संपत्ति और आय
कंगना रनौत की कुल नेटवर्थ लगभग ₹90 करोड़ है, जिसमें उनकी चल संपत्ति ₹28.73 करोड़ और अचल संपत्ति ₹62.92 करोड़ शामिल है. उनके पास 6.7 किलो सोना और ज्वैलरी है जिसकी कीमत लगभग ₹5 करोड़, 60 किलो चांदी ₹50 लाख, और डायमंड ज्वैलरी ₹3 करोड़ से अधिक की है. उनके कार कलेक्शन में BMW 7 सीरीज और Mercedes Benz GLE SUV शामिल हैं, जिनकी कुल कीमत ₹1.56 करोड़ है. कंगना एक फिल्म के लिए 15–25 करोड़ रुपये चार्ज करती हैं और ब्रांड एंडोर्समेंट से 3–3.5 करोड़ प्रति ब्रांड कमाती हैं. उनके पास मुंबई में 5-बेडरूम फ्लैट (₹15–20 करोड़), हिमाचल में बंगला (लगभग ₹25 करोड़), पाली हिल में ऑफिस स्पेस और मनाली में कैफे जैसी प्रॉपर्टी है. सांसद के रूप में उन्हें ₹1 लाख प्रति माह की सैलरी भी मिलती है, साथ ही 50 LIC पॉलिसियां और प्रोडक्शन हाउस मनिकर्णिका फिल्म्स के जरिए अतिरिक्त इनकम होती है.
एक नई पहचान का साल
अपने जन्मदिन पर, कंगना रनौत एक रोचक मोड़ पर खड़ी हैं. एक सम्मानित फिल्म करियर की विरासत उनके साथ है और सार्वजनिक कार्यालय की जिम्मेदारियां भी उन्हें निभानी हैं. उनका सफर, जो अभी भी विकसित हो रहा है, आधुनिक भारत में महत्वाकांक्षा और अनुकूलन की कहानी को दर्शाता है, जहां विभिन्न क्षेत्रों के बीच की सीमाएं धुंधली होती जा रही हैं और पुनःनिर्माण सफलता की सबसे प्रमुख कहानी बन चुका है.
इस पुस्तक में 1946 में शुरू हुए कान्स फिल्म फेस्टिवल में भारत की सिनेमाई यात्रा का विस्तृत और जीवंत वर्णन किया गया है.
by
बिजनेस वर्ल्ड ब्यूरो
भारतीय सिनेमा की वैश्विक यात्रा और कान्स फिल्म महोत्सव से उसके ऐतिहासिक संबंध को दर्ज करती पुस्तक “नमस्ते कान्स” का 12 मार्च 2026 को मुंबई में भव्य लोकार्पण किया गया. लेखक और फिल्मकार भुवन लाल की इस पुस्तक में 1946 में शुरू हुए कान्स फिल्म महोत्सव में भारत की मौजूदगी, उपलब्धियों और प्रभाव का विस्तृत और रोचक वर्णन किया गया है.
यह कार्यक्रम केवल एक पुस्तक विमोचन नहीं रहा, बल्कि भारतीय सिनेमा के गौरवशाली इतिहास, उसकी विरासत और वैश्विक प्रभाव का उत्सव बन गया. फिल्म जगत से जुड़े कई प्रतिष्ठित कलाकारों और फिल्मकारों की मौजूदगी ने इस शाम को खास बना दिया. इस पुस्तक में 1946 में शुरू हुए कान्स फिल्म फेस्टिवल में भारत की सिनेमाई यात्रा का विस्तृत और जीवंत वर्णन किया गया है. कार्यक्रम में उपस्थित फिल्मकारों, कलाकारों और सिनेमा प्रेमियों ने इसे भारतीय सिनेमा के इतिहास को सम्मान देने वाला महत्वपूर्ण क्षण बताया.
कार्यक्रम के दौरान जब भुवन लाल मंच पर आए तो माहौल भावनात्मक हो गया. उन्होंने भारतीय सिनेमा की महान हस्तियों को याद करते हुए कहा कि यह पुस्तक उन दिग्गजों को श्रद्धांजलि है जिन्होंने भारत को वैश्विक मंच पर पहचान दिलाई. उन्होंने चेतन आनंद, सत्यजीत रे, वी. शांताराम, बिमल रॉय, राज कपूर, मृणाल सेन, श्याम बेनेगल, मणि कौल, शाजी एन. करुण और हाल के वर्षों में कान्स में भारत का प्रतिनिधित्व करने वाली पायल कापड़िया जैसी हस्तियों का विशेष उल्लेख किया.
भुवन लाल ने कहा, “आज हम भारत की सबसे बड़ी सांस्कृतिक देन भारतीय सिनेमा का उत्सव मना रहे हैं. हमारी फिल्मों ने दशकों से दुनिया भर में दिल और दिमाग जीते हैं. हमारी कहानियाँ बिना वीज़ा के सीमाएँ पार कर गईं. हमारा संगीत उन घरों में बजा जहाँ लोगों ने भारत को कभी देखा भी नहीं था, फिर भी वे उसे अपना महसूस करते थे.”
उन्होंने कहा कि राज कपूर और शाहरुख खान जैसे सितारे भारत की सांस्कृतिक कूटनीति के असली दूत रहे हैं, जिन्होंने दुनियाभर में भारतीय सिनेमा की पहचान बनाई.
इस अवसर पर मंच पर तीन प्रतिष्ठित हस्तियाँ भी मौजूद थीं. सुभाष घई, कबीर बेदी और केतन मेहता. तीनों ने भारतीय सिनेमा के वैश्विक प्रभाव और कान्स में उसकी यात्रा पर अपने अनुभव साझा किए. बातचीत के दौरान कई भावुक और प्रेरक क्षण भी आए, जिसने दर्शकों को भारतीय सिनेमा की उपलब्धियों पर विचार करने को प्रेरित किया.
कार्यक्रम में केतन आनंद ने अपने पिता चेतन आनंद को याद किया, जिन्हें 1946 में कान्स में पहला ग्रां प्री पुरस्कार मिला था. वहीं देविका भोजवानी ने अपने पिता और कान्स पुरस्कार विजेता फिल्मकार राजबंस खन्ना की 1957 की कान्स यात्रा को याद किया.
इस समारोह में रेसुल पुकुट्टी, दीपा साहि, मुकेश ऋषि, कश्मीरा शाह, सुदीप्तो सेन सहित कई जानी-मानी हस्तियाँ उपस्थित रहीं.
“नमस्ते कान्स” भारतीय सिनेमा की उस ऐतिहासिक यात्रा का दस्तावेज है जो 1946 में शुरू हुए कान्स फिल्म फेस्टिवल से जुड़ी हुई है. पुस्तक यह बताती है कि किस तरह भारत की कहानी कहने की परंपरा, दूरदर्शी फिल्मकारों और फिल्म उद्योग ने वैश्विक मंच पर भारत की छवि को मजबूत किया और उसकी सॉफ्ट पावर को बढ़ाया.
लेखक भुवन लाल पिछले तीन दशकों से दुनिया भर में भारत की ऐतिहासिक, सांस्कृतिक और सिनेमाई विरासत को प्रस्तुत करने के लिए जाने जाते हैं. उन्होंने फीचर फिल्में, डॉक्यूमेंट्री, हॉलीवुड टीवी सीरीज और अंतरराष्ट्रीय कार्यक्रमों का निर्माण किया है. बता दें, भुवन लाल प्रसिद्ध स्वतंत्रता सेनानी सुभाष चंद्र बोस और हरदयाल की जीवनी भी लिख चुके हैं.
अमिताभ बच्चन और कृति सेनन के बाद अब बॉलीवुड अभिनेता कार्तिक आर्यन ने भी अलीबाग में प्लॉट खरीदा है.
by
बिजनेस वर्ल्ड ब्यूरो
बॉलीवुड अभिनेता कार्तिक आर्यन ने अब सिर्फ फिल्मों में ही नहीं, बल्कि रियल एस्टेट की दुनिया में भी बड़ा कदम रख लिया है. उन्होंने पहली बार जमीन में निवेश करते हुए मुंबई के पास बसे प्रीमियम तटीय इलाके अलीबाग में 2,000 वर्गफुट का प्लॉट खरीदा है. यह निवेश उन्होंने हाउस ऑफ अभिनंदन लोढ़ा (HoABL) के हाई-एंड प्रोजेक्ट Chateau de Alibaug में किया है, जिसकी कीमत लगभग 2 करोड़ रुपये है.
अप्रैल 2023 में लॉन्च हुए Chateau de Alibaug ने लॉन्च के बाद से ही कॉरपोरेट जगत, खेल हस्तियों और बॉलीवुड सेलेब्रिटीज़ का ध्यान आकर्षित किया है. यह प्रोजेक्ट मुंबई के पास स्थित सबसे प्रमुख रियल एस्टेट डेस्टिनेशनों में से एक बनकर उभरा है. इससे पहले अमिताभ बच्चन, कृति सेनन और कई बड़े बिजनेस लीडर्स भी HoABL के प्रोजेक्ट्स में निवेश कर चुके हैं.
इस निवेश को लेकर कार्तिक आर्यन ने कहा, "अलीबाग आज निवेश के लिए सबसे रोमांचक जगहों में से एक बन चुका है, खासकर मुंबई के करीब होने की वजह से. मैं यहां अपना खुद का घर बनाना चाहता हूं. यह मेरी पहली जमीन में की गई इन्वेस्टमेंट है, और मैंने पूरी आस्था के साथ हाउस ऑफ अभिनंदन लोढ़ा के साथ यह कदम उठाया है. मुझे खुशी है कि मैंने यह निवेश किया."
HoABL के चेयरमैन अभिनंदन लोढ़ा ने कार्तिक का स्वागत करते हुए कहा कि उनका निवेश यह दिखाता है कि अलीबाग मुंबईकरों के बीच एक पसंदीदा प्रीमियम रेजिडेंशियल लोकेशन बनता जा रहा है. उन्होंने कहा, "एक समय का शांत तटीय इलाका आज एक हाई-डिमांड हाउसिंग मार्केट में बदल चुका है, जहां लोग प्राकृतिक सुंदरता, जीवनशैली और विकसित होते इन्फ्रास्ट्रक्चर के चलते घर बनाना चाह रहे हैं."
अलीबाग की कनेक्टिविटी में बड़ा सुधार
सरकारी परियोजनाएं जैसे मुंबई ट्रांस हार्बर लिंक (MTHL), नवी मुंबई इंटरनेशनल एयरपोर्ट, और बेहतर सड़क व जेटी नेटवर्क ने अलीबाग की पहुंच को आसान बना दिया है. इसके चलते प्लॉटेड रेजिडेंशियल प्रोजेक्ट्स और सेकंड होम्स की मांग में जबरदस्त इजाफा हुआ है.
Chateau de Alibaug: तटीय जीवनशैली का नया पता
यह प्रोजेक्ट एक प्रीमियम कोस्टल लाइफस्टाइल देने के लिए डिजाइन किया गया है, जिसमें रिफ्लेक्सोलॉजी ट्रैक, मल्टीपर्पज़ हॉल, रूफटॉप गार्डन, पूल डेक, लाउंज रूम और दो क्लबहाउस जैसी सुविधाएं शामिल हैं. साथ ही, Miros की ओर से 5,200 वर्गफुट का एक एक्सक्लूसिव होटल भी इसी प्रोजेक्ट में प्रस्तावित है. इस प्रोजेक्ट को प्रतिष्ठित आर्किटेक्चरल फर्म Talati & Partners ने डिजाइन किया है, जिसे पांच दशकों का अनुभव है.
HoABL के सीईओ समुज्ज्वल घोष ने बताया कि यह प्रोजेक्ट उन ग्राहकों को ध्यान में रखकर बनाया गया है जो "दूसरे पहले घर" (second ‘first home’) की तलाश में हैं, जिसमें भविष्य की ग्रोथ की पूरी संभावना हो.
2000 वर्गफुट में विला-स्टाइल लग्जरी
यहां उपलब्ध 4-बेड सर्विस्ड चेटो दो तरह के लेआउट में हैं – गार्डन और टेरेस. Garden Chateau में निजी गार्डन और पूल की सुविधा है, जबकि Terrace Chateau में रूफटॉप पूल और खुला लिविंग एरिया शामिल है.
इन Chateau की शुरुआती कीमत 4.99 करोड़ रुपये (प्लस टैक्स और अन्य चार्जेज़) है. यह प्रोजेक्ट समुद्र तटों, अलीबाग टाउन, मंडवा जेटी और आगामी अंतरराष्ट्रीय एयरपोर्ट के बेहद करीब है, जो इसे भारत के पश्चिमी तट का एक प्रीमियम एड्रेस बनाता है.
तीन दशकों से दर्शकों के दिल पर राज कर रहे शाहरुख खान को पहली बार नेशनल फिल्म अवॉर्ड मिलना उनके प्रशंसकों के लिए गर्व का पल है. अपने अभिनय से उन्होंने खुद को एक ग्लोबल ब्रांड में तब्दील कर लिया है.
by
बिजनेस वर्ल्ड ब्यूरो
बॉलीवुड के 'किंग खान' यानी शाहरुख खान को आखिरकार उनके 33 साल लंबे फिल्मी करियर में पहला नेशनल फिल्म अवॉर्ड मिल गया है. 71वें राष्ट्रीय फिल्म पुरस्कारों की घोषणा के दौरान शाहरुख को बेस्ट एक्टर कैटेगरी में सम्मानित किया गया. उन्हें यह अवॉर्ड 2023 में रिलीज हुई ब्लॉकबस्टर फिल्म जवान के लिए दिया गया है. उनके साथ इस कैटेगरी में अभिनेता विक्रांत मैस्सी को भी सम्मानित किया गया है, यानी दोनों एक्टर्स अवॉर्ड साझा करेंगे. आइए जानते हैं आखिर कितनी संपत्ति के मालिक हैं किंग खान और कैसा है उनका लाइफस्टाइल?
तीन दशक से बॉलीवुड पर राज
शाहरुख खान ने 1992 में फिल्म दीवाना से अपने करियर की शुरुआत की थी और उसके बाद एक से बढ़कर एक हिट फिल्में दीं. दिलवाले दुल्हनिया ले जाएंगे, चक दे इंडिया, माई नेम इज खान, कल हो न हो, स्वदेश, रईस, पठान और जवान जैसी फिल्मों ने उन्हें दर्शकों के दिलों में खास जगह दिलाई. सिर्फ भारत ही नहीं, विदेशों में भी उनकी फैन फॉलोइंग जबरदस्त है.
शाहरुख खान की कुल संपत्ति
मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार शाहरुख खान की कुल संपत्ति लगभग ₹7500 करोड़ है. यह संपत्ति उन्हें सलमान खान और अमिताभ बच्चन जैसे दिग्गज सितारों से भी आगे रखती है. वे दुनिया के चौथे सबसे अमीर अभिनेता हैं. उनसे आगे सिर्फ अर्नोल्ड श्वार्ज़नेगर, ड्वेन जॉनसन और टॉम क्रूज़ हैं.
कहां-कहां से होती है शाहरुख की कमाई?
शाहरुख खान की आमदनी सिर्फ फिल्मों तक सीमित नहीं है.
1. उनकी प्रोडक्शन कंपनी Red Chillies Entertainment
2. IPL टीम कोलकाता नाइट राइडर्स में हिस्सेदारी
3. कई अंतरराष्ट्रीय और घरेलू ब्रांड्स के एंडोर्समेंट
4. मुंबई, दुबई और लंदन समेत कई जगहों पर प्रॉपर्टी इन्वेस्टमेंट
इन सभी स्रोतों से वे अरबों की कमाई करते हैं.
लगातार हिट दे रहे हैं शाहरुख
2023 में शाहरुख ने पठान के साथ बॉक्स ऑफिस पर जबरदस्त वापसी की. यह फिल्म ₹100 करोड़ से ज्यादा की ओपनिंग करने वाली पहली हिंदी फिल्म बनी. इसके बाद जवान आई, जिसने 2023 की सबसे ज्यादा कमाई करने वाली भारतीय फिल्म का दर्जा पाया. साल के अंत में डंकी रिलीज हुई, जिसने दुनियाभर में ₹470 करोड़ से अधिक की कमाई की.
DLF द कैमेलियास में है 10,813 वर्ग फुट का अपार्टमेंट; मार्केट वैल्यू अब ₹100 करोड़ से ऊपर
by
बिजनेस वर्ल्ड ब्यूरो
फूड डिलीवरी प्लेटफॉर्म Zomato के फाउंडर और सीईओ दीपिंदर गोयल ने गुरुग्राम के प्रीमियम रेजिडेंशियल प्रोजेक्ट DLF द कैमेलियास में एक सुपर-लक्ज़री अपार्टमेंट खरीदा है. मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार, इस सौदे की कीमत ₹52.3 करोड़ है, और गोयल ने ₹3.66 करोड़ की स्टांप ड्यूटी अदा की है.
यह अपार्टमेंट करीब 10,813 वर्ग फुट में फैला है और इसके साथ पांच पार्किंग स्पेस भी शामिल हैं. दस्तावेजों के अनुसार, यह प्रॉपर्टी DLF लिमिटेड से जून 2022 में खरीदी गई थी, जबकि 17 मार्च 2025 को इसका कन्वेयंस डीड रजिस्टर्ड किया गया.
मार्केट एक्सपर्ट्स का कहना है कि पिछले दो वर्षों में द कैमेलियास की प्रॉपर्टी कीमतों में तेजी से इजाफा हुआ है और इस अपार्टमेंट की मौजूदा मार्केट वैल्यू अब ₹100 करोड़ से अधिक हो सकती है. DLF द कैमेलियास को देश के सबसे हाई-प्रोफाइल रेजिडेंशियल प्रोजेक्ट्स में गिना जाता है. यह प्रोजेक्ट 5-स्टार होटल जैसी सुविधाओं, शानदार गोल्फ कोर्स व्यू, प्राइवेट लिफ्ट्स, वेलनेस सेंटर और कस्टमाइज़्ड कंसीयर्ज सर्विस के लिए जाना जाता है. यही वजह है कि यह प्रोजेक्ट अक्सर हाई-वैल्यू डील्स के लिए चर्चा में रहता है.
यह प्रॉपर्टी डील न केवल गोयल की अल्ट्रा हाई नेटवर्थ स्थिति को दर्शाती है, बल्कि यह भी बताती है कि गुरुग्राम जैसे शहरों में सुपर-लक्ज़री रियल एस्टेट की मांग लगातार बनी हुई है.
बिजनेसवर्ल्ड हिंदी की ओर से एकता कपूर को जन्मदिन की हार्दिक शुभकामनाएँ और आने वाले वर्ष के लिए ढेरों शुभकामनाएँ.
by
बिजनेस वर्ल्ड ब्यूरो
बॉलीवुड अभिनेता जितेंद्र की बेटी एकता कपूर ने एक्टिंग की दुनिया से दूर रहते हुए भारतीय टेलीविजन में क्रांति ला दी. "टेलीविजन क्वीन" कहलाई जाने वाली एकता कपूर बालाजी टेलीफिल्म्स की संयुक्त प्रबंध निदेशक और क्रिएटिव डायरेक्टर हैं. बीते दो दशकों में उन्होंने ‘कसौटी जिंदगी की’, ‘क्योंकि सास भी कभी बहू थी’, ‘नागिन’, ‘बड़े अच्छे लगते हैं’ जैसे दर्जनों लोकप्रिय धारावाहिक दिए, जिन्होंने भारतीय दर्शकों के दिलों में खास जगह बनाई. उनका अगला शो, ‘बड़े अच्छे लगते हैं सीज़न 4’, जल्द ही ऑन-एयर होने जा रहा है, जिसे लेकर दर्शकों में खासा उत्साह है. आज यानी 7 जून को वह अपना 50वां जन्मदिन मना रही हैं, तो आइए इस खास मौके पर हम उनकी प्रोफेशन लाइफ और नेटवर्थ के बारे में जानते हैं.
प्रोडक्शन से ओटीटी तक का सफल सफर
एकता ने सिर्फ टीवी तक खुद को सीमित नहीं रखा. 2001 में उन्होंने बालाजी मोशन पिक्चर्स की शुरुआत की और फिल्म निर्माण में भी अपनी पहचान बनाई. 2017 में एकता ने ALTBalaji नाम से अपना वीडियो-ऑन-डिमांड प्लेटफॉर्म लॉन्च किया, जिसने डिजिटल मीडिया में उनकी मजबूत पकड़ को साबित किया. इसी साल उन्होंने अपनी आत्मकथा ‘किंगडम ऑफ द सोप क्वीन: द स्टोरी ऑफ बालाजी टेलीफिल्म्स’ भी लॉन्च की थी.
एकता कपूर को 2020 में भारत सरकार द्वारा पद्म श्री से सम्मानित किया गया. 2023 में उन्हें 51वें इंटरनेशनल एमी अवॉर्ड्स में इंटरनेशनल एमी डायरेक्टोरेट अवॉर्ड से नवाजा गया. ये पुरस्कार उनकी इंटरनेशनल अपील और कंटेंट क्रिएशन में योगदान का प्रमाण हैं.
करोड़ों की मालकिन हैं एकता कपूर
मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार, एकता कपूर की कुल संपत्ति लगभग 95 करोड़ रुपये है. उनकी सालाना कमाई करीब 30 करोड़ रुपये आंकी जाती है. मुंबई में स्थित उनका आलीशान बंगला उनकी रॉयल लाइफस्टाइल का सबूत है. साथ ही अंधेरी में उनका भव्य ऑफिस ‘बालाजी टेलीफिल्म्स’ इंडस्ट्री का एक बड़ा प्रोडक्शन हब बन चुका है.
शौक और लग्जरी: कार कलेक्शन से शादी के फैसले तक
एकता कपूर को लग्जरी कारों का बेहद शौक है. उनके पास 70 लाख रुपये की Jaguar F-Pace, 1.86 करोड़ रुपये की Mercedes-Benz S Class Maybach S 500, और 3.57 करोड़ रुपये की Bentley Continental GT जैसी कई शानदार गाड़ियाँ हैं.
जहां एक ओर वह 50 साल की उम्र में भी इंडिपेंडेंट और सक्सेसफुल हैं, वहीं उन्होंने अब तक शादी नहीं की है. हालांकि, एकता एक बेटे की सिंगल मदर हैं, जिसे उन्होंने गोद लिया है और उसे बहुत प्यार से पाल रही हैं.
एकता कपूर का अब तक का सफर प्रेरणादायक रहा है. बिजनेसवर्ल्ड हिंदी उन्हें उनके 50वें जन्मदिन की हार्दिक शुभकामनाएं और आने वाले वर्षों के लिए सफलता, खुशहाली और नए मुकामों को हासिल करने कामना करता है.
इस ऐप में असली (original) कंटेंट, पहले कभी न सुने गए पुराने गाने, सिखाने के सेशन, मास्टरक्लास, मिलकर संगीत बनाने के सेशन, ओपन माइक और फैंस से सीधा जुड़ने का मौका मिलेगा.
by
बिजनेस वर्ल्ड ब्यूरो
भारतीय संगीत इंडस्ट्री के लिए एक ऐतिहासिक पल में, 25 से ज़्यादा मशहूर कलाकारों ने मिलकर "Goongoonalo" नाम का एक नया ऐप लॉन्च किया. यह भारत का पहला ऐसा ऐप है जिसे कलाकारों ने खुद मिलकर बनाया है. इस मौके पर जावेद अख्तर, शंकर महादेवन, सोनू निगम, समीर अंजान, प्रसून जोशी, सलीम-सुलेमान, शान, ललित पंडित, आनंद-मिलिंद, पापोन, अरुणा सैरम, मनन शाह, अनुशा मणि, श्वेता मोहन, हरिहरन और राजू सिंह जैसे बड़े नाम मौजूद थे. यह बड़ा कार्यक्रम मुंबई के बांद्रा ईस्ट में जियो वर्ल्ड के स्टूडियो थिएटर में हुआ.
Goongoonalo एक डिजिटल प्लेटफॉर्म है, जिसे कलाकारों ने कलाकारों के लिए बनाया है. यह सिर्फ संगीत तक सीमित नहीं है, बल्कि इसमें कविता, कहानियाँ और दूसरी रचनात्मक चीज़ें भी शामिल हैं. इस ऐप में आपको मिलेगा ओरिजिनल (मूल) कंटेंट, अब तक रिलीज़ न हुए क्लासिक गाने, सिखाने वाले सेशन्स (मेंटरशिप), मास्टरक्लासेस, जैम सेशन्स (जहां कई कलाकार मिलकर साथ में कुछ नया बनाते हैं), ओपन माइक (जहां कोई भी अपनी कला दिखा सकता है), फैंस से सीधा जुड़ने का मौका मिलेगा.
इस ऐप को बनाने में जो मुख्य कलाकार शामिल हैं, उनमें जावेद अख्तर, शंकर महादेवन, सोनू निगम, श्रेया घोषाल, अरिजीत सिंह, प्रसून जोशी, समीर अंजान, विशाल ददलानी, अमित त्रिवेदी और कई अन्य. इस ऐप को टेक्नोलॉजी एक्सपर्ट श्रीधर रंगनाथन ने बनाया है, और शर्ली सिंह इसकी सीईओ हैं.
कलाकारों की नज़र से Goongoonalo
जावेद अख्तर: "5 मई 2025 एक ऐतिहासिक दिन है. Goongoonalo ऐसा मंच है जहाँ कलाकार बिना किसी म्यूजिक कंपनी या प्रोड्यूसर की रोक-टोक के काम कर सकते हैं. यह दुनिया का पहला ऐसा ऐप है जहाँ गायक, गीतकार और संगीतकार खुद इसके हिस्सेदार (शेयरहोल्डर) हैं. कलाकार अपनी मर्ज़ी से जो चाहें बना सकते हैं, उन पर कोई कमेटी नज़र नहीं रखेगी. साथ ही, इस मंच से नए टैलेंट को भी मौका मिलेगा – नए सिंगर, गीतकार और कंपोज़र सामने आ सकेंगे."
शंकर महादेवन: "Goongoonalo कलाकारों द्वारा, कलाकारों के लिए बनाया गया मंच है. यह संगीत की दुनिया का अगला अध्याय लिखने का स्टेज है. आज का दिन सभी कलाकारों के लिए बहुत खास और ऐतिहासिक है. इस मंच से कई कलाकारों के सपने पूरे होंगे."
सोनू निगम: "जब मैं 90 के दशक में मुंबई आया था, तब हम कुछ अलग करना चाहते थे. अब Goongoonalo वही मंच है, जो हमें हमारी रचनात्मक आज़ादी (creative freedom) देता है, जिसकी हमें तब ज़रूरत थी."
समीर अंजन: "आज का दिन संगीत से जुड़े लोगों के लिए सबसे खास है. कई सालों से हम जो सपना देख रहे थे, वह आज पूरा हुआ है. चाहे वो लोक गायन करने वाले हों या शास्त्रीय संगीत के कलाकार, ये मंच सबसे अलग है. यहाँ रचनाकारों को पूरी आज़ादी दी गई है कि वे जैसा चाहें, वैसा बना सकें."
प्रसून जोशी: "लोग सोचते हैं कि कलाकार को सिर्फ एक माइक और स्टेज चाहिए होता है. लेकिन कई बार लेखक और संगीतकार दूसरों की बातें कहते हैं. अब इस मंच से वे अपनी असली आवाज़ दुनिया तक पहुँचा सकते हैं. Goongoonalo ऐसा मंच है जो बिना किसी बंधन के सोचने और रचने की आज़ादी देता है."
श्रीधर रंगनाथन (संस्थापक सदस्य): "हम इस ऐप पर पिछले चार साल से काम कर रहे थे. सभी कलाकारों को एक साथ लाना आसान नहीं था, लेकिन अब मेहनत रंग लाई है और ये मंच तैयार है. कलाकार और उनके चाहने वाले www.goongoonalo.com पर जाकर रजिस्ट्रेशन कर सकते हैं और इस रचनात्मक परिवार का हिस्सा बन सकते हैं."
शर्ली सिंह (सीईओ): "अगर आप सपने देखने वाले हैं, तो Goongoonalo आपके लिए है. ये मंच सारी पुरानी सीमाओं को बदल देता है. आमतौर पर जब कोई कलाकार गाना रिलीज़ करता है, तो उसके सारे अधिकार म्यूज़िक कंपनी के पास चले जाते हैं. लेकिन यहाँ कलाकार अपने गाने का मालिक खुद होता है और उससे होने वाली कमाई भी उसी के साथ बाँटी जाती है."
हरिहरन: "यह मंच इसलिए खास है क्योंकि इस कंपनी के मालिक खुद कलाकार हैं. मुझे उम्मीद है कि यहाँ से बहुत अच्छा संगीत निकलेगा, जिसे लोग Goongoonalo पर सुन सकेंगे और आनंद ले सकेंगे."
सलीम मर्चेंट: "यह कला और संगीत के लिए एक बहुत बड़ा मौका है. अब तक हम दूसरों की कहानियों पर गाने बनाते थे, लेकिन इस ऐप के ज़रिए हम अपने मन की बात, अपने विचार खुलकर रख सकते हैं. हमारी यह कम्युनिटी बहुत लोगों को प्रेरणा देगी."
सुलेमान मर्चेंट: "यह एक ऐतिहासिक कदम है, जो कलाकारों को ताकत देगा. यह अपनी तरह का पहला स्ट्रीमिंग प्लेटफॉर्म है."
राजू सिंह: "यह मंच उन अधूरे सपनों को पूरा करेगा, जो हम बाजार की मजबूरियों की वजह से नहीं कर पाए थे. अब हम अपने आइडिया बिना किसी दबाव के यहाँ पेश कर सकते हैं."
ललित पंडित: "हम इस दिन का सालों से इंतज़ार कर रहे थे, और अब यह ऐतिहासिक ऐप हमारे सामने है."
आनंद–मिलिंद: "Goongoonalo ऐसे गानों को सामने लाएगा जो हमारे दिल के बहुत करीब हैं. यह गीतकारों, संगीतकारों और गायकों के लिए एक ज़रूरी और बेहतरीन मंच है."
अरुणा सैरम: "मैं Goongoonalo की शेयरहोल्डर बनकर बहुत खुश हूँ. एक शास्त्रीय गायिका होने के नाते, मैं हमेशा चाहती थी कि मैं गैर-शास्त्रीय कलाकारों के साथ भी काम करूँ – और यह मंच मुझे वह मौका दे रहा है."
पापोन: "दुनिया में ऐसा कोई और ऐप नहीं है जो कलाकारों को इतनी आज़ादी और भागीदारी देता हो. सभी कलाकार मिलकर काम करेंगे और गाने Goongoonalo के मंच पर रिलीज़ होंगे."
शान: "यह वाकई एक ऐतिहासिक काम है. इसकी शुरुआत बहुत अच्छे इरादों के साथ हुई है, और जो भी दिल से किया जाता है उसका अच्छा नतीजा ज़रूर आता है. हम कोशिश करेंगे कि Goongoonalo पर अपने सबसे अच्छे गाने पेश करें."
एहसान नूरानी: "इस मंच पर हम अपनी शर्तों पर कुछ नया और अलग बना सकते हैं. यह एक अनोखा प्लेटफॉर्म है जो खुद कलाकारों का है, और इसमें मिलकर काम करने के ढेरों मौके मिलते हैं."
श्वेता मोहन: "यह ऐप इंडिपेंडेंट (स्वतंत्र) गानों की आत्मा को बचाकर रखेगा और उन्हें लोगों तक पहुँचाएगा."
अनुषा मणि: "इस मंच के पीछे जो टीम है, वो इतनी प्रेरणादायक है कि मैं तुरंत इसका हिस्सा बन गई. यह हमारी रचनात्मकता को जाहिर करने का एक शानदार माध्यम है."
मनन शाह: "Goongoonalo का हिस्सा बनना, वो भी इतने बड़े संगीत दिग्गजों के साथ, मेरे लिए एक सम्मान की बात है. यहाँ पूरी आज़ादी से गाने बनाना अपने आप में एक अलग और खास अनुभव होगा."
अमिताभ भट्टाचार्य: "मुझे उम्मीद है कि यह मंच संगीत से जुड़े कलाकारों के लिए एक 'गेम-चेंजर' (बदलाव लाने वाला) साबित होगा. इसके ज़रिए हम उन आइडियाज़ पर काम कर सकेंगे, जिन्हें हम लंबे समय से करना चाहते थे."
सिद्धार्थ महादेवन: "अब हम कलाकार अपना गाना खुद अपनी कंपनी – Goongoonalo – पर रिलीज़ करेंगे. इसकी सबसे खास बात यह है कि हर कलाकार एक-दूसरे के गानों को प्रमोट करेगा, जिससे ये गाने बहुत ज्यादा लोगों तक पहुँचेंगे."
Goongoonalo की विशेषताएँ और आगामी इवेंट्स
' Goongoonalo ओरिजिनल्स' के तहत, श्रेया घोषाल का एक खास गाना सबसे पहले रिलीज़ होगा. इसके बाद अरिजीत सिंह के साथ एक सिंगिंग वर्कशॉप, इरशाद क़ामिल के साथ एक लिरिक्स लैब और सलीम-सुलेमान के साथ प्रोडक्शन सेशन्स होंगे. 'फैनवर्स' फीचर से फैंस को मौका मिलेगा कि वे मर्चेंडाइज डिज़ाइन करें, क्राउडफंडिंग में भाग लें और वर्चुअल मीटअप्स में शामिल हों.
Goongoonalo के साथ संस्कृति का भविष्य
शंकर महादेवन ने समापन करते हुए कहा, "यहां अरुणा सैरम को सोनू निगम के साथ या विशाल-शेखर को कौशिकी चक्रवर्ती के साथ जैसे अनोखे सहयोग देखे जाएंगे. यह भारत की सांस्कृतिक आत्मा का नया डिजिटल रूप है."
संगीतकार एआर रहमान और पोन्नियिन सेलवन 2 के निर्माताओं पर दिल्ली हाईकोर्ट ने 2 करोड़ रुपए का जुर्माना लगाया है. मामला गाने के कॉपीराइट केस से जुड़ा है.
by
बिजनेस वर्ल्ड ब्यूरो
एआर. रहमान पर दिल्ली हाईकोर्ट ने 2 करोड़ रुपए का जुर्माना लगाया. उन पर गाना कॉपी करने का आरोप लगा है. यह मामला ऐश्वर्या राय बच्चन की फिल्म 'पोन्नियिन सेलवन 2' के गीत 'वीरा राजा वीरा' से जुड़ा है. दिल्ली हाईकोर्ट के अनुसार, यह गीत प्रसिद्ध शास्त्रीय गायक उस्ताद फैयाजुद्दीन और वसीफुद्दीन डागर के पिता और चाचा द्वारा रचित 'शिवा स्तुति' की कॉपी है. साथ ही कोर्ट ने निर्देश दिया है कि ये रकम कोर्ट के रजिस्ट्रार ऑफिस में जमा की जाए.
जानें क्या है पूरा मामला?
टाइम्स नाऊ के मुताबिक, साल 2023 में पद्म श्री से सम्मानित भारतीय शास्त्रीय गायक फैयाज वसीफुद्दीन डागर ने दिल्ली हाईकोर्ट में एक याचिका दायर की थी. उन्होंने इसमें आरोप लगाया था कि फिल्म 'पोन्नियन सेलवन 2' का गीत 'वीरा राजा वीरा' उनके पिता नासिर फैयाजुद्दीन डागर और चाचा जहीरुद्दीन डागर द्वारा रचित 'शिव स्तुति' की नकल है. डागर ने अपनी याचिका में ए. आर. रहमान, प्रोडक्शन कंपनी मद्रास टॉकीज और अन्य संबंधित के खिलाफ शिकायत करते हुए इस गाने के इस्तेमाल पर रोक लगाने की मांग की थी.
मामले की सुनवाई करते हुए न्यायमूर्ति प्रतिभा एम सिंह ने कहा, ‘वीरा राजा वीरा’ गाना ‘शिवा स्तुति’ से काफी मिलता-जुलता है. इसके चलते न्यायमूर्ति ने रहमान और मद्रास टॉकीज को गाने के क्रेडिट में सुधार करने के आदेश दिए हैं. साथ ही डागर परिवार को सम्मान देने की भी बात कही है. इतना ही नहीं रहमान को कोर्ट ने 2 करोड़ रुपए का जुर्माना और डागर परिवार को 2 लाख रुपए देने के भी निर्देश दिए हैं. कोर्ट ने कहा कि गाने में डागर परिवार को दिए गए क्रेडिट को सभी ओटीटी पर अपडेट किया जाएगा.
इन आरोपों को रहमान ने बताया गलत
एआर रहमान ने इन आरोपों को गलत करार दिया है. साथ ही मद्रास टॉकीज की टीम ने भी इन आरोपों को बेबुनियाद बताया है. उन्होंने तर्क देते हुए कहा है कि ‘पोन्नियिन सेल्वन 2’ का ‘वीरा राजा वीरा’ गाना नारायण पंडित आचार्य की 13वीं सदी की रचना से प्रेरित है. आपको बता दें कि पोन्नियिन सेल्वन 2 साल 2023 में रिलीज हुई थी. इस फिल्म में ऐश्वर्या के अलावा चियान विक्रम, जयम रवि और तृषा कृष्णन, प्रभु, शोभिता धुलिपाला, ऐश्वर्या लक्ष्मी और प्रकाश राज समेत वो सभी सितारे नजर आए थे. इसमें ऐश्वर्या ने PS2 में नंदिनी और मंदाकिनी की भूमिका निभाई थीं.
एक बैंकर से लेकर सामाजिक कार्यकर्ता तक अमृता फडणवीस ने विभिन्न क्षेत्रों में अद्वितीय योगदान दिया, आज वह अपना 46वां जन्मदिन मना रही हैं.
by
बिजनेस वर्ल्ड ब्यूरो
एक बैंकर, अभिनेत्री, गायिका और सामाजिक कार्यकर्ता अमृता फडणवीस आज अपना 46वां जन्मदिन मना रही हैं. वह महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस की पत्नी होने के अलावा, अपने व्यक्तिगत और पेशेवर जीवन में भी कई महत्वपूर्ण उपलब्धियों की प्रतीक हैं. अमृता फडणवीस का जीवन एक प्रेरणा है कि कैसे कई भूमिकाओं को सफलतापूर्वक निभाते हुए भी समाज के प्रति अपनी जिम्मेदारियों को निभाया जा सकता है. उन्होंने बैंकींग, शास्त्रीय गायन, और सामाजिक सक्रियता के क्षेत्र में उल्लेखनीय कार्य किया है. वह वर्तमान में एक्सिस बैंक में उपाध्यक्ष के पद पर कार्यरत हैं और उनके प्रभावशाली कार्यों की वजह से उन्होंने सूर्य दत्ता राष्ट्रीय पुरस्कार जैसे कई पुरस्कार भी प्राप्त किए हैं. तो आइए इस खास मौके पर उनके जीवन और उपलब्धियों पर एक नजर डालते हैं.
सामाजिक कार्य और मानवीय कार्य
अमृता का सामाजिक कार्य बहुत ही सराहनीय है. उन्होंने एक एनजीओ की शुरुआत की है, जो अब तक 1 लाख से ज्यादा लोगों को जरूरी सेवाएं प्रदान कर चुका है. इनमें कोविड देखभाल, प्लाज्मा और रक्तदान शिविर, और मृतक किसानों के बच्चों के लिए मानसिक कल्याण कार्यक्रम शामिल हैं. उनके द्वारा किए गए इन कार्यों ने उन्हें नेल्सन मंडेला मानवतावादी पुरस्कार, वर्ल्ड पीस एंबेसडर और लोकमत महाराष्ट्र का सबसे स्टाइलिश आइकन पुरस्कार जैसे पुरस्कार दिलाए हैं.
अमृता का जीवन यह सिद्ध करता है कि सच्चे नेतृत्व का मतलब केवल सफलता हासिल करना नहीं है, बल्कि समाज के लिए कुछ ऐसा करना है जो आने वाली पीढ़ियों के लिए एक आदर्श बन सके. उनके द्वारा किए गए परोपकारी कार्यों ने उन्हें एक महिला के रूप में एक मिशन पर चलने वाली शख्सियत बना दिया है.
अमृता फडणवीस की नेटवर्थ
अमृता फडणवीस की कुल संपत्ति (नेटवर्थ) के बारे में अनुमानित आंकड़े अलग-अलग हैं, लेकिन विभिन्न सूत्रों के अनुसार उनकी नेटवर्थ लगभग 20-30 करोड़ रुपये के बीच हो सकती है. उनके पास कई संपत्तियां और बैंकिंग क्षेत्र में उनके कार्यों से होने वाली आय शामिल हैं. इसके अलावा, वह कई एनजीओ और सामाजिक कार्यों से भी जुड़ी हुई हैं, जिनसे उन्हें अन्य वित्तीय लाभ मिलते हैं.
अमृता फडणवीस: एक प्रेरणा का स्रोत
अमृता फडणवीस का जीवन एक बेहतरीन उदाहरण है कि कैसे एक महिला विभिन्न भूमिकाओं को सफलतापूर्वक निभाकर समाज में बदलाव ला सकती है. उनके समर्पण, करुणा, और नि:स्वार्थ भाव ने उन्हें केवल अपने परिवार के लिए नहीं, बल्कि पूरे देश के लिए एक प्रेरणा का स्रोत बना दिया है. हम उन्हें जन्मदिन की ढेर सारी शुभकामनाएं देते हैं और भविष्य में उनके द्वारा किए जाने वाले और अधिक महान कार्यों की कामना करते हैं. उनकी बहुआयामी प्रतिभा और कार्यों ने उन्हें किशोरों, युवाओं और महिलाओं के लिए एक सच्ची प्रेरणा बना दिया है.