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Online Gaming से सरकार हुई मालामाल, खजाने में आए 6909 करोड़ रुपये
वित्त मंत्री ने कहा कि ऑनलाइन गेमिंग, कसीनो और हॉर्स रेस पर जीएसटी लगने के बाद के 6 महीनों की स्थिति रिपोर्ट पर विस्तृत चर्चा की गई है. हमें इससे बहुत लाभ पहुंचा है.
बिजनेस वर्ल्ड ब्यूरो 1 year ago
जब से सरकार ने ऑनलाइन गेमिंग पर 28 फीसदी जीएसटी वसूलने की शुरूआत की है. तब से देश के खजाने में जगरदस्त इजाफा हो चुका है. आंकड़ों पर बात कर करें तो फैसले लेने के बाद 6 महीने महीने में देश के खजाने में 6900 करोड़ रुपए का इजाफा हो चुका है. इसका मतलब है कि इस दौरान ऑनलाइन गेमिंग पर जीएसटी लगने से सरकार की कमाई में 400 फीसदी से ज्यादा का इजाफा देखने को मिला है. आइए आपको भी बताते हैं कि आखिर देश की वित्त मंत्री ने इस बारे में किस तरह की जानकारी दी है.
कमाई में 412 फीसदी का इजाफा
देश की वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने कहा कि ऑनलाइन गेमिंग कंपनियों पर 28 प्रतिशत जीएसटी लगाने के बाद रेवेन्यू कलेक्शन छह माह में 412 फीसदी बढ़ गया है. ऑनलाइन गेमिंग पर एक अक्टूबर, 2023 से 28 फीसदी जीएसटी लगाया लगाया गया था. सीतारमण ने जीएसटी काउंसिल की 54वीं मीटिंग में लिए गए फैसलों के बारे में कहा कि 28 प्रतिशत जीएसटी के कार्यान्वयन के छह महीने बाद कसीनो, ऑनलाइन गेमिंग और होर्स रेस से रेवेन्यू कलेक्शन के बारे में स्थिति रिपोर्ट काउंसिल को सौंपी गई. उन्होंने कहा कि केवल छह महीनों में ऑनलाइन गेमिंग से रेवेन्यू 412 फीसदी बढ़कर 6,909 करोड़ रुपए तक पहुंच गया है. ऑनलाइन गेमिंग पर अधिसूचना जारी होने से पहले यह 1,349 करोड़ रुपये थी.
ऑनलाइन गेमिंग पर लगता है 28 फीसदी GST
ऑनलाइन गेमिंग प्लेटफॉर्म और कसीनो पर एक अक्टूबर, 2023 से लगाए गए एंट्री लेवल के दांव पर 28 फीसदी जीएसटी लग रहा है. इससे पहले, कई ऑनलाइन गेमिंग कंपनियां 28 प्रतिशत जीएसटी का भुगतान नहीं कर रही थीं. उनका यह तर्क था कि स्किल के खेल और किस्मत के खेल के लिए टैक्स की दरें अलग-अलग थीं. जीएसटी परिषद ने अगस्त, 2023 में अपनी बैठक में स्पष्ट किया था कि ऑनलाइन गेमिंग मंचों को 28 प्रतिशत कर का भुगतान करना होगा.
बाद में कराधान प्रावधान को स्पष्ट करने के लिए केंद्रीय जीएसटी कानून में संशोधन किया गया था. विदेशी गेमिंग मंचों के लिए भी जीएसटी अधिकारियों के पास पंजीकरण करना और करों का भुगतान करना अनिवार्य किया गया. अगर वे ऐसा नहीं करते हैं तो सरकार वैसी साइट को ब्लॉक कर देगी. परिषद ने तब निर्णय लिया था कि इसके क्रियान्वयन के छह महीने बाद ऑनलाइन गेमिंग क्षेत्र पर कराधान की समीक्षा की जाएगी.
सिर्फ कसीनों से हुई इतनी कमाई
उन्होंने कहा कि इसी तरह कसीनो के मामले में फैसला लेने के बाद छह महीने में राजस्व 30 प्रतिशत बढ़कर 214 करोड़ रुपये हो गया. फैसले से पहले यह 164.6 करोड़ रुपये था. सीतारमण ने कहा कि रियल एस्टेट पर मंत्रियों के समूह (GOM) ने भी अपनी स्थिति रिपोर्ट सौंपी है. जीएसटी परिषद ने सरकारी या निजी अनुदान का उपयोग करने वाली सरकारी इकाई, अनुसंधान इकाई, विश्वविद्यालय, कॉलेज या अन्य संस्थानों के अनुसंधान और विकास सेवाओं की आपूर्ति को छूट देने की सिफारिश की है.
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