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इस राज्य में खुलीं सबसे ज्यादा कंपनियां, कर्नाटक और तमिलनाडु जैसे राज्यों को पछाड़ा
महाराष्ट्र ने पिछले तीन वर्षों में 60,000 नई कंपनियां जोड़ीं और लगातार अग्रणी बना हुआ है.
बिजनेस वर्ल्ड ब्यूरो 3 years ago
नई दिल्लीः कॉरपोरेट मामलों के मंत्रालय (एमसीए) के आंकड़ों से पता चलता है कि दिल्ली, कर्नाटक और तमिलनाडु जैसे औद्योगिक केंद्रों को पीछे छोड़ते हुए, कोविड-19 के प्रकोप के बाद से उत्तर प्रदेश ने महाराष्ट्र के बाद सबसे अधिक नई कंपनियां खुली हैं.
उत्तर प्रदेश ने पिछले तीन वर्षों में लगभग 30,000 नई कंपनियां खोली हैं. यह महाराष्ट्र और दिल्ली के बाद सबसे ज्यादा है. यूपी इस हिसाब से देश का तीसरा राज्य बन गया है जहां सबसे ज्यादा कंपनियां कार्यरत हैं. यूपी ने कर्नाटक, तमिलनाडु और तेलंगाना को पीछे छोड़ दिया है.
इंडस्ट्रीज खोलने में है पीछे
इंडस्ट्रीज के लिहाज से भले ही उत्तर प्रदेश देश में टॉप पर नहीं है, लेकिन पिछले पांच वर्षों में सबसे ज्यादा कंपनियां इसी राज्य में खुली हैं. इसके बावजूद राज्य के जीडीपी या मैन्युफैक्चरिंग में कोई बड़ी ग्रोथ नहीं हुई है. सितंबर के अंत तक उत्तर प्रदेश में 1.08 लाख सक्रिय कंपनियां हैं, जबकि महाराष्ट्र और दिल्ली में क्रमश: 3 लाख और 2.2 लाख सक्रिय कंपनियां हैं. कर्नाटक और तमिलनाडु क्रमशः 1.04 लाख और 99,038 सक्रिय कंपनियों के साथ चौथे और पांचवें स्थान पर हैं.
दिल्ली में खुली केवल 20 हजार कंपनियां
2017 के बाद से दिल्ली ने केवल 20,000 कंपनियों को जोड़ा है और कुल सक्रिय कंपनियों में इसकी हिस्सेदारी वित्त वर्ष 2017 में लगभग 20 प्रतिशत से घटकर वर्तमान में 15 प्रतिशत हो गई है. यूपी का उदय काफी हद तक इसी तथ्य से मेल खाता है.
सितंबर 2017 तक, उत्तर प्रदेश तमिलनाडु, तेलंगाना और गुजरात के बाद सातवें स्थान पर था. यूपी में नोएडा-मथुरा बेल्ट शामिल है जो राष्ट्रीय राजधानी क्षेत्र (एनसीआर) के अंतर्गत आता है.
महाराष्ट्र की ज्यादातर कंपनियां मुंबई में
दूसरी ओर महाराष्ट्र ने पिछले तीन वर्षों में 60,000 नई कंपनियां जोड़ीं और लगातार अग्रणी बना हुआ है. महाराष्ट्र का प्रभुत्व काफी हद तक इस तथ्य से आता है कि इसकी राजधानी, मुंबई भारत की वित्तीय राजधानी है और कई मध्यम आकार और बड़ी कंपनियों के लिए एक केंद्र के रूप में कार्य करती है.
उत्तर प्रदेश सरकार ने कोविड -19 के खिलाफ लड़ाई के बीच 7000 करोड़ रुपये से 10,000 करोड़ रुपये का निवेश प्राप्त करने का दावा किया. इसने जापान, अमेरिका, ब्रिटेन, कनाडा, जर्मनी और दक्षिण कोरिया सहित 10 देशों से लगभग 45,000 रुपये के निवेश के 40 से अधिक इरादों को आकर्षित करने का भी दावा किया है.
जिन कंपनियों ने परियोजनाओं के लिए जमीन हासिल कर अपने निवेश को आधार बनाया है, उनमें हीरानंदानी ग्रुप, सूर्या ग्लोबल, हिंदुस्तान यूनिलीवर, एमजी कैप्सूल, केशो पैकेजिंग और माउंटेन व्यू टेक्नोलॉजीज शामिल हैं.
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