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इस विदेशी कंपनी का भारतीय कारोबार खरीद रहे हैं मुकेश अंबानी, ये होगा फायदा

मुकेश अंबानी की कंपनी रिलायंस ने जर्मनी की रिटेल कंपनी मेट्रो कैश एंड कैरी के भारतीय कारोबार को खरीदने के लिए डील की है

बिजनेस वर्ल्ड ब्यूरो 3 years ago

रिलायंस इंडस्ट्री के चेयरमैन मुकेश अंबानी लगातार अपने कारोबार को फैला रहे हैं. अब उनके पोर्टफोलियो में एक और कंपनी जुड़ने जा रही है. रिलायंस ने जर्मनी की रिटेल कंपनी मेट्रो कैश एंड कैरी के भारतीय कारोबार को खरीदने के लिए डील की है. करीब 4,060 करोड़ रुपए के इस सौदे में मेट्रो कैश एंड कैरी की 31 लैंड बैंक, होलसेल डिस्ट्रीब्यूशन सेंटर और कंपनी के स्वामित्व वाली अन्य संपत्तियां शामिल हैं. इस डील से रिलायंस रिटेल को B2B श्रेणी में अपनी मौजूदगी बढ़ाने में मदद मिलेगी.

कुछ महीनों से जारी थी बातचीत
मुकेश अंबानी की अगुवाई वाली रिलायंस इंडस्ट्रीज और मेट्रो के बीच पिछले कुछ महीनों से चर्चा चल रही थी. अब आखिरकार दोनों के बीच डील फाइनल हो गई है. हालांकि, दोनों कंपनियों की तरफ से अभी तक इस संबंध में कोई बयान नहीं आया है. बता दें कि रिलायंस इंडस्ट्रीज को दूसरी तिमाही में 13,656 करोड़ रुपए का नेट प्रॉफिट हुआ है, जो पिछले साल की इसी तिमाही में 13,680 करोड़ रुपए रहा था. वहीं, कंपनी के रिवेन्यू में 33.7 फीसदी की बढ़ोतरी हुई है.

Siam Makro ने भी की थी कोशिश
मेट्रो कैश एंड कैरी के भारतीय कारोबार को खरीदने की दौड़ में कुछ अन्य कंपनियां भी शामिल थीं. Siam Makro ने भी इस डील को फाइनल करने की कोशिश की थी. Siam Makro, LOTS Wholesale Solutions ब्रैंड के तहत Lots Wholesale Cash-and-Carry ट्रेडिंग करती है. हालांकि, कंपनी अपनी कोशिशों में सफल नहीं हो पाई और पिछले महीने उसने बोली प्रक्रिया से हटने की घोषणा कर डाली. इसके बाद रिलायंस ही प्रमुख दावेदार के रूप में रह गई थी. 

2003 में आई थी भारत
मेट्रो ने 2003 में भारतीय बाजार में प्रवेश किया था. मेट्रो कैश एंड कैरी के ग्राहकों में रिटेलर, किराना स्टोर, होटल, रेस्टोरेंट और कैटरर्स (HoReCa), कॉरपोरेट्स, एसएमई, कंपनियां और संस्थान शामिल हैं. गौरतलब है कि रिलायंस रिटेल सैलून बिजनेस में भी एंट्री करने जा रही है. इसके लिए कंपनी चेन्नई स्थित नेचुरल्स सैलून एंड स्पा में लगभग 49% हिस्सेदारी खरीदने की तैयारी में है. भारत का सैलून बिजनेस 20,000 करोड़ रुपए का है. इस उद्योग में लगभग 60 लाख से अधिक कंपनियां हैं, जिनमें कारोबारी और ब्यूटी पॉर्लर और नाई की दुकानें भी शामिल हैं. रिलायंस इंडस्ट्रीज की सहायक कंपनी रिलायंस रिटेल को मुकेश अंबानी की बेटी ईशा अंबानी संभालती हैं. 


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