✕

होम / बिजनेस / अब सिर्फ बड़े सौदों में डील करेगी ये नामी टेक कंपनी, इसकी वजह है बड़ी दिलचस्‍प

अब सिर्फ बड़े सौदों में डील करेगी ये नामी टेक कंपनी, इसकी वजह है बड़ी दिलचस्‍प

ये कंपनी आने वाले दिनों में उन्‍हीं सौदों पर अपना ध्‍यान केन्द्रित करने की तैयारी कर रही है जिन पर बड़ी रकम दांव पर लगी हो. कंपनी अपने ग्राहकों की संख्‍या को कम करने पर भी ध्‍यान दे रही है. 

बिजनेस वर्ल्ड ब्यूरो 3 years ago

एक ओर जहां टेक कंपनियां नए-नए सौदों के लिए कोशिशें कर रही हैं वहीं दूसरी ओर कुछ कंपनियां ऐसे लेवल पर भी पहुंच चुकी हैं, जहां अब वो अपने छोटे बजट वाले ग्राहकों की संख्‍या को कम करते हुए बड़े सौदों पर ध्‍यान लगा रही हैं. इन्‍हीं में एक है नामी टेक कंपनी विप्रो (WIPRO) . विप्रो (WIPRO) ने तय किया है कि वो अब आने वाले समय में बड़े सौदों पर ही अपना ध्‍यान फोकस करेगी. कंपनी ने ये फैसला इसलिए लिया है जिससे वो अपनी ग्राहकों की संख्‍या को कम कर सके और साथ ही बड़े ऑपरेटिंग मार्जिन पर अपना फोकस कर सके. जून 2024 को समाप्त हुए महीने में कंपनी के पास ग्राहकों की संख्‍या 1,444 है.

क्‍या बोले CEO?
मीडिया रिपोर्ट के अनुसार, सीईओ डेलापोर्टे ने कहा कि ये कदम उठाने से कंपनी प्रतिभा का बेस्‍ट इस्‍तेमाल कर सकेगी. उन्‍होंने कहा कि भारतीय आईटी सेवा कंपनी विप्रो आगामी तिमाहियों में बड़े सौदों पर प्रमुखता से ध्यान केंद्रित करेगी. सबसे दिलचस्‍प बात ये है कि कंपनी प्रबंधन ने ने ये संकेत वित्त वर्ष 2023-24 की पहली तिमाही की आय की घोषणा के बाद दिए है. उन्‍होंने इस मसले पर विश्‍लेषकों के साथ बातचीत के बाद कहा कि अगर कांट्रैक्‍ट के अनुसार देखें तो अभी तक हमने 1.2 बिलियन डॉलर के बड़े सौदे किए हैं, इनकी संख्‍या में साल-दर-साल के आधार पर 9 प्रतिशत की बढ़ोतरी हुई है. अगर देखा जाए तो पिछली आठ तिमाहियों में सबसे ज्यादा बुकिंग कंपनी को मिली हैं. इस तिमाही के दौरान, हमने $30 मिलियन से अधिक कुल अनुबंध मूल्य (Total Contract Value) रेंज में 10 सौदे बुक किए हैं. टीसीवी के दृष्टिकोण से कुल बुकिंग $3.7 बिलियन है.

100 मिलियन का रेवेन्‍यू देने वालों की संख्‍या बढ़ी 
उन्‍होंने कहा कि हमने 100 मिलियन डॉलर से अधिक के रेवेन्‍यू वाले दो नए खाते जोड़े हैं, जिसके बाद राजस्व में 100 मिलियन डॉलर से अधिक का योगदान देने वाले व्यवसायों की संख्या 21 हो गई है. पहले ये 10 हुआ करती थी. इस योजना के तहत, विप्रो (WIPRO) रणनीतिक रूप से ग्राहकों की संख्या को कम करने और बड़े ऑपरेटिंग मार्जिन वाले सौदों पर ध्यान केंद्रित करने की योजना बना रही है.

क्‍या बोले कंपनी के CFO?
आईटी कंपनी के मुख्य वित्तीय अधिकारी जतिन दलाल ने वित्‍त वर्ष के नतीजों के बाद मीडिया से बात करते हुए कहा कि कंपनी ने ग्राहकों की संख्या में 100 की कम कर दी है, लेकिन $20 मिलियन और $100 मिलियन रेंज के ग्राहकों पर ध्यान केंद्रित किया है. लेकिन हमने $20 मिलियन से अधिक रेंज में छह और ग्राहक और $100 मिलियन से अधिक रेंज में दो और ग्राहक जोड़े हैं.

उन्‍होंने ये भी कहा कि आगे कंपनी बड़े सौदों वाली डील पर फोकस कर रही है. मेरा मानना है कि हम हर दिन बाज़ार में अधिक प्रभावशाली होते जा रहे हैं. यह उन सौदों में दिखाई देता है जो हमने पूरे कर दिए हैं. यह उस तरीके से भी दिखाई दे रहा है जिस तरह से हम अपना बड़ा खाता बढ़ा रहे हैं और यह दिखा रहा है कि हमारी खाता रणनीति पिछले 10 तिमाहियों से हर एक तिमाही में भुगतान कर रही है. डेलापोर्टे ने कहा, हमने ढाई साल में 100 मिलियन डॉलर खातों की संख्या दोगुनी कर दी है.

बड़े सौदों पर काम करें प्रतिभावान लोग 
मीडिया रिपोर्ट के अनुसार दरअसल कंपनी का मानना है कि अगर वो बड़े सौदों पर ध्‍यान देती है, तो इससे वो अपने बेस्‍ट कर्मचारियों पर फोकस कर सकती है. कंपनी के सीईओ डेलापोर्टे ने कहा कि जब आप ग्राहक के साथ कम मार्जिन वाला सौदा कर रहे होते हैं, तो टीम परियोजना के लिए सर्वश्रेष्ठ खिलाड़ियों को नहीं जुटाती है. मैं अपने सर्वश्रेष्ठ खिलाड़ियों को बड़े सौदों में लगाना चाहता हूं. यह अपने आप में  बिल्कुल अलग दृष्टिकोण है. 
 


टैग्स
सम्बंधित खबरें

इंफोसिस का मुनाफा 6% बढ़कर ₹7,823 करोड़, AI से कमाई में 29% की तेजी

इंफोसिस के आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) कारोबार ने भी दूसरी तिमाही में बेहतर प्रदर्शन किया. कंपनी का AI रेवेन्यू पिछली तिमाही के मुकाबले 29% बढ़ा और कुल रेवेन्यू में इसकी हिस्सेदारी 10.5% रही.

48 minutes ago

2047 तक भारत की बंदरगाह क्षमता चार गुना करने का लक्ष्य, पीयूष गोयल ने पेश किया रोडमैप

गोयल के मुताबिक, भारत को वैश्विक व्यापार में अपनी भूमिका मजबूत करने के लिए आधुनिक बंदरगाह सुविधाओं और बेहतर समुद्री संपर्क व्यवस्था में निवेश करना होगा. इसके साथ ही बंदरगाहों की परिचालन दक्षता बढ़ाना भी जरूरी है.

59 minutes ago

भारतीय बाजार में बिकवाली: वॉशिंगटन से नजर हटाएं, 27 अक्टूबर पर दें ध्यान

इजरायल में मतदान, एफएंडओ की एक्सपायरी और जियो का पैसा वापस. भू-राजनीतिक परिस्थितियों के कारण कच्चे तेल में किया गया कारोबार जरूरत से ज्यादा भीड़भाड़ वाला हो गया है और यह तेजी से पलटने वाला है.

1 hour ago

सेंसेक्स-निफ्टी पर दबाव के संकेत, महंगा क्रूड बढ़ाएगा चिंता; आज इन शेयरों में हलचल

शुक्रवार, 23 अक्टूबर को बीएसई सेंसेक्स 125.56 अंक यानी 0.17 फीसदी गिरकर 73,123.83 पर बंद हुआ.

1 hour ago

फेस्टिव सीजन में मेकअप के नए ट्रेंड, लोटस का स्किनकेयर के साथ खूबसूरती निखारने पर जोर

त्योहारों में पारंपरिक परिधानों के साथ मेकअप भी व्यक्तिगत स्टाइल का अहम हिस्सा बन जाता है. इस बार फेस्टिव ब्यूटी ट्रेंड में ऐसे मेकअप उत्पादों पर जोर है, जो रंगों और आकर्षक लुक के साथ त्वचा की देखभाल को भी ध्यान में रखते हैं.

1 day ago


बड़ी खबरें

सेंसेक्स-निफ्टी पर दबाव के संकेत, महंगा क्रूड बढ़ाएगा चिंता; आज इन शेयरों में हलचल

शुक्रवार, 23 अक्टूबर को बीएसई सेंसेक्स 125.56 अंक यानी 0.17 फीसदी गिरकर 73,123.83 पर बंद हुआ.

1 hour ago

2047 तक भारत की बंदरगाह क्षमता चार गुना करने का लक्ष्य, पीयूष गोयल ने पेश किया रोडमैप

गोयल के मुताबिक, भारत को वैश्विक व्यापार में अपनी भूमिका मजबूत करने के लिए आधुनिक बंदरगाह सुविधाओं और बेहतर समुद्री संपर्क व्यवस्था में निवेश करना होगा. इसके साथ ही बंदरगाहों की परिचालन दक्षता बढ़ाना भी जरूरी है.

59 minutes ago

भारतीय बाजार में बिकवाली: वॉशिंगटन से नजर हटाएं, 27 अक्टूबर पर दें ध्यान

इजरायल में मतदान, एफएंडओ की एक्सपायरी और जियो का पैसा वापस. भू-राजनीतिक परिस्थितियों के कारण कच्चे तेल में किया गया कारोबार जरूरत से ज्यादा भीड़भाड़ वाला हो गया है और यह तेजी से पलटने वाला है.

1 hour ago

इंफोसिस का मुनाफा 6% बढ़कर ₹7,823 करोड़, AI से कमाई में 29% की तेजी

इंफोसिस के आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) कारोबार ने भी दूसरी तिमाही में बेहतर प्रदर्शन किया. कंपनी का AI रेवेन्यू पिछली तिमाही के मुकाबले 29% बढ़ा और कुल रेवेन्यू में इसकी हिस्सेदारी 10.5% रही.

48 minutes ago

भारत के निजी क्षेत्र की ग्रोथ 4 महीने के उच्च स्तर पर, सर्विस सेक्टर ने पकड़ी रफ्तार

अक्टूबर में HSBC कंपोजिट PMI बढ़कर 56.7 पर पहुंचा, निर्यात ऑर्डर में जून 2025 के बाद सबसे तेज उछाल; मैन्युफैक्चरिंग की रफ्तार थोड़ी धीमी, रोजगार वृद्धि भी सुस्त

2 days ago