होम / बिजनेस / इन दो कंपनियों में करते हैं काम, तो हो जाएं सावधान; जानें क्या है वजह
इन दो कंपनियों में करते हैं काम, तो हो जाएं सावधान; जानें क्या है वजह
बीते कुछ समय से दुनिया में छंटनी का दौर चल रहा है. अब तक कई बड़ी कंपनियां हजारों कर्मचारियों को नौकरी से बाहर कर चुकी हैं.
बिजनेस वर्ल्ड ब्यूरो 3 years ago
अब आर्थिक मंदी की आहट कहें या कुछ और कि छंटनी का दौर थमने का नाम नहीं ले रहा है. ऐसा लग रहा है जैसे एक कंपनी में छंटनी से दूसरी कंपनी को प्रेरणा मिल रही है. ट्विटर, फेसबुक, अमेजन के बाद अब दो और कंपनियां बड़े पैमाने पर अपने कर्मचारियों को नौकरी से निकालने जा रही हैं. इसमें पहला नाम है गूगल और दूसरा HP. ऐसे में इन कंपनियों में काम करने वालों को सभी से सावधान हो जाना चाहिए और दूसरे विकल्प तलाशना शुरू कर देना चाहिए.
गूगल में 6 फीसदी होगी कटौती!
पहले बात करते हैं गूगल की. गूगल की पैरंट कंपनी अल्फाबेट इंक अपनी वर्कफ़ोर्स को 6 फीसदी कम करना चाहती है. कुल मिलाकर कंपनी 10 हजार लोगों को बाहर का रास्ता दिखा सकती है. कंपनी छंटनी के लिए कमजोर प्रदर्शन को आधार बना रही है. मीडिया रिपोर्ट्स में बताया गया है कि गूगल ऐसे कर्मचारियों की छुट्टी कर सकती है, जिन्हें सालाना अप्रैजल में लो परफॉर्मेंस रेटिंग मिली है. गूगल ने नया परफॉर्मेंस प्लान लागू किया है. जिससे उसके मैनेजरों को अगले साल की शुरुआत में हजारों ऐसे कर्मियों को चुनने में मदद मिलेगी जिनका प्रदर्शन कमजोर रहा है.
HP में जाएंगी 6,000 नौकरियां!
वहीं, HP यानी हैवलेट पैकर्ड की बात करें, तो कंपनी छंटनी की तैयारी कर चुकी है. एक रिपोर्ट में बताया गया है कि लैपटॉप और इलेक्ट्रॉनिक्स मैन्युफ्रैक्चरर HP करीब 6,000 लोगों को निकाल सकती है. यानी कंपनी अपनी वर्कफोर्स में लगभग 12% की कटौती करेगी. फिलहाल HP में 50,000 से ज्यादा कर्मचारी हैं. छंटनी की यह योजना 2025 तक पूरी होगी. कहने का मतलब है कि HP ट्विटर या फेसबुक की तरह एकसाथ कर्मचारियों को नहीं निकालेगी, इसके बजाये धीरे-धीरे उन्हें बाहर करेगी.
बिक्री में आ रही गिरावट
कोरोना महामारी के दौरान लगभग सभी काम घर (Work From Home) से हो रहे थे, इसलिए PC और लैपटॉप की बिक्री में ज़बरदस्त उछाल देखने को मिला था. हालांकि, अब इसमें कमी देखने को मिली है. शायद यही वजह है कि HP अपनी वर्कफोर्स में कटौती करने जा रही है. एक रिपोर्ट के अनुसार, HP का चौथी तिमाही में रिवेन्यू साल दर साल 0.8% घटकर 14.80 बिलियन डॉलर हो गया है. पर्सनल सिस्टम सेगमेंट यानी जिसमें PC आते हैं, उसके रिवेन्यु में 13% की गिरावट दर्ज की गई है.
टैग्स