होम / बिजनेस / ग्लासगो 2026 कॉमनवेल्थ गेम्स से जुड़ा निवा बूपा, साइना-मीराबाई के साथ लॉन्च किया 'सेटबैक से कमबैक तक' अभियान

ग्लासगो 2026 कॉमनवेल्थ गेम्स से जुड़ा निवा बूपा, साइना-मीराबाई के साथ लॉन्च किया 'सेटबैक से कमबैक तक' अभियान

इस पहल का उद्देश्य खिलाड़ियों और आम लोगों की उन प्रेरक कहानियों को सामने लाना है, जिन्होंने बीमारी, चोट या अन्य स्वास्थ्य चुनौतियों से उबरकर दमदार वापसी की.

बिजनेस वर्ल्ड ब्यूरो 1 month ago

निवा बूपा हेल्थ इंश्योरेंस ने ग्लासगो 2026 कॉमनवेल्थ गेम्स के ऑफिशियल हेल्थ इंश्योरेंस प्रिंसिपल पार्टनर बनने की घोषणा की है. इसके साथ कंपनी ने 'सेटबैक से कमबैक तक' नाम से नया ब्रांड अभियान भी शुरू किया है, जो स्वास्थ्य संबंधी चुनौतियों के बाद दोबारा मजबूत होकर खड़े होने वाले लोगों के जज्बे को सलाम करता है. कंपनी का कहना है कि खिलाड़ियों की असली जीत केवल मेडल तक सीमित नहीं होती, बल्कि उसकी शुरुआत चोट, असफलता और मुश्किल परिस्थितियों से उबरने की प्रक्रिया से होती है. यही कहानी हर उस व्यक्ति की भी है, जो गंभीर बीमारी, दुर्घटना या बड़ी सर्जरी के बाद सामान्य जीवन में लौटता है.

साइना और मीराबाई बनेंगी अभियान का चेहरा

इस अभियान में ओलंपिक पदक विजेता और पूर्व विश्व नंबर-1 बैडमिंटन खिलाड़ी साइना नेहवाल तथा ओलंपिक पदक विजेता, विश्व चैंपियन और कॉमनवेल्थ गेम्स गोल्ड मेडलिस्ट मीराबाई चानू को साथ लाया गया है. दोनों खिलाड़ियों की संघर्ष और वापसी की कहानी के जरिए यह संदेश दिया जाएगा कि चुनौतियां किसी विजेता की पहचान नहीं, बल्कि उनसे उबरने का साहस ही उसकी असली ताकत है.

निवा बूपा हेल्थ इंश्योरेंस के डिजिटल बिजनेस यूनिट के डायरेक्टर और चीफ मार्केटिंग ऑफिसर निमिष अग्रवाल ने कहा कि ग्लासगो 2026 के साथ यह साझेदारी कंपनी के उस विश्वास को मजबूत करती है कि स्वास्थ्य संबंधी झटके के बाद भी लोग आत्मविश्वास के साथ नई शुरुआत कर सकते हैं. उन्होंने कहा कि 'सेटबैक से कमबैक तक' अभियान उन लाखों लोगों को समर्पित है, जो कठिन स्वास्थ्य परिस्थितियों से बाहर निकलकर अपनी जिंदगी को फिर से संवारते हैं.

ग्राहक-केंद्रित प्रोडक्ट रणनीति और इनोवेशन से 2.5 गुना बढ़ी मार्केट हिस्सेदारी

निमिष अग्रवाल ने बिजनेसवर्ल्ड से बातचीत में बताया कि निवा बूपा हेल्थ इंश्योरेंस ने पिछले छह वर्षों में अपनी मार्केट हिस्सेदारी में बड़ा सुधार दर्ज किया है. कंपनी के अनुसार, 5-6 साल पहले उसकी मार्केट हिस्सेदारी करीब 4% थी, जो अब बढ़कर पहली तिमाही के नतीजों के मुताबिक करीब 11% हो गई है. यानी इस अवधि में कंपनी की बाजार हिस्सेदारी लगभग 2.5 गुना बढ़ी है. उन्होंने बताया कि इस वृद्धि के पीछे ग्राहक-केंद्रित प्रोडक्ट रणनीति और इनोवेशन की अहम भूमिका रही है. कंपनी का फोकस केवल इंश्योरेंस प्रोडक्ट बेचने पर नहीं, बल्कि ग्राहकों की जरूरतों के आधार पर समाधान तैयार करने पर है. इसी रणनीति के तहत कंपनी ने ऐसे हेल्थ इंश्योरेंस प्रोडक्ट पेश किए हैं, जो ग्राहकों की बदलती जरूरतों और मेडिकल महंगाई को ध्यान में रखते हैं.

निमिष अग्रवाल ने आगे बताया कि कंपनी ने हाल ही में ReAssure 3.0 लॉन्च किया है, जिसमें अनलिमिटेड सब-इंश्योरेंस की सुविधा दी गई है. इससे पहले हेल्थ इंश्योरेंस में सब-इंश्योरेंस की सीमा आमतौर पर 5 लाख, 10 लाख या 15 लाख रुपये तक होती थी. बढ़ती मेडिकल महंगाई को देखते हुए कंपनी ने ऐसा प्रोडक्ट तैयार किया है, जिससे ग्राहकों को लंबे समय तक पर्याप्त हेल्थ कवर मिल सके.

उन्होंने क्लेम सेटलमेंट को अपनी प्रमुख ताकत बताया है. उन्होंने कहा कि कंपनी 30 मिनट में कैशलेस क्लेम की शुरुआती मंजूरी देने का दावा करती है और वर्तमान में इस प्रक्रिया में औसत समय करीब 19 मिनट है. कंपनी आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) आधारित तकनीक के जरिए इस समय को और कम करने पर काम कर रही है.

कंपनी के अनुसार, हेल्थ इंश्योरेंस सेक्टर में भरोसा सबसे अहम फैक्टर है और इसके लिए वह तीन प्रमुख क्षेत्रों- ग्राहक संवाद, निरंतर सेवा और तेज क्लेम सेटलमेंट पर ध्यान केंद्रित कर रही है. कंपनी का मानना है कि बेहतर प्रोडक्ट और आसान क्लेम प्रक्रिया के जरिए वह बाजार में अपनी स्थिति और मजबूत कर सकती है.

साइना नेहवाल ने कही यह बात

साइना नेहवाल ने कहा कि लोग अक्सर खिलाड़ियों की जीत और मेडल को याद रखते हैं, लेकिन असली लड़ाई कोर्ट के बाहर लड़ी जाती है. चोट केवल शरीर की नहीं, बल्कि आत्मविश्वास और धैर्य की भी परीक्षा लेती है. उन्होंने कहा कि कमबैक की शुरुआत मैदान में वापसी से पहले ही हो जाती है और असली चैंपियन रिकवरी के दौरान तैयार होते हैं.

डिजिटल और सोशल मीडिया पर भी पहुंचेगा अभियान

कंपनी ने बताया कि 'सेटबैक से कमबैक तक' अभियान को डिजिटल और सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म पर भी व्यापक स्तर पर चलाया जाएगा, ताकि ग्लासगो 2026 कॉमनवेल्थ गेम्स से पहले देशभर में स्वास्थ्य, रिकवरी और मजबूत वापसी का संदेश अधिक से अधिक लोगों तक पहुंचाया जा सके.


टैग्स
सम्बंधित खबरें

भारत-भूटान सहयोग: ₹4,000 करोड़ की ऊर्जा कर्ज सुविधा, UPI और रेल संपर्क पर बढ़ी साझेदारी

ऊर्जा परियोजनाओं के लिए ₹4,000 करोड़ की कर्ज सुविधा, भारत में UPI भुगतान कर सकेंगे भूटानी नागरिक; रेल कनेक्टिविटी और ईंधन आपूर्ति पर भी फैसले

1 hour ago

सरकार ने वाणिज्यिक कोयला खदानों की 16वीं नीलामी शुरू की, 9 राज्यों के 25 ब्लॉक शामिल

2020 में निजी क्षेत्र की भागीदारी शुरू होने के बाद अब तक 147 कोयला खदानों की नीलामी, छह पहले आवंटित खदानों के लिए विकास एवं उत्पादन समझौते भी हुए.

1 hour ago

ICICI प्रूडेंशियल लाइफ के टर्म प्लान कारोबार में 53.89% की वृद्धि, दावा निपटान अनुपात 99.3%: रिपोर्ट

31 मार्च 2026 तक दिल्ली में 3.69 लाख लोगों को बीमा सुरक्षा, बीमित राशि ₹1.30 लाख करोड़; कंपनी ने पिछले सात साल में ग्राहकों को ₹6,087 करोड़ के लाभ दिए.

1 hour ago

टाटा संस लिस्टिंग पर टाटा ट्रस्ट्स की असहमति, दूसरे विकल्प तलाशने का फैसला

17 सितंबर को हुई टाटा संस के निदेशक मंडल की बैठक में टाटा ट्रस्ट्स के चेयरमैन नोएल एन. टाटा ने समूह की एक सदी से अधिक पुरानी संरचना को बनाए रखने के पक्ष में ट्रस्ट्स का रुख दोहराया.

2 hours ago

SP ग्रुप को राहत देने के लिए ₹25,000 करोड़ के प्रस्ताव पर टाटा ट्रस्ट्स की पहल, 18 महीने में पूरा हो सकता है सौदा

NCLT के जरिए चुनिंदा कैपिटल रिडक्शन की योजना, टाटा संस के शेयरों की इनकम टैक्स फेयर वैल्यू के आधार पर होगी गणना

2 hours ago


बड़ी खबरें

भारत की इकोनॉमी पर Moody’s का भरोसा बढ़ा, FY27 GDP ग्रोथ अनुमान 6% से बढ़ाकर 7%

Moody’s के मुताबिक मजबूत घरेलू मांग, सरकारी इंफ्रास्ट्रक्चर खर्च और निजी क्षेत्र के निवेश में सुधार से भारतीय अर्थव्यवस्था को गति मिल रही है.

2 hours ago

भारत-भूटान सहयोग: ₹4,000 करोड़ की ऊर्जा कर्ज सुविधा, UPI और रेल संपर्क पर बढ़ी साझेदारी

ऊर्जा परियोजनाओं के लिए ₹4,000 करोड़ की कर्ज सुविधा, भारत में UPI भुगतान कर सकेंगे भूटानी नागरिक; रेल कनेक्टिविटी और ईंधन आपूर्ति पर भी फैसले

1 hour ago

बॉन्ड और एफडी के बाद पैसाबाजार का MF में प्रवेश, ₹10 से डेली SIP की शुरुआत

अनियमित आय वाले लोगों के लिए रोजाना छोटी रकम निवेश करने का विकल्प; पिछले साल बॉन्ड और एफडी के बाद कंपनी ने बढ़ाया निवेश उत्पादों का दायरा

1 hour ago

सरकार ने वाणिज्यिक कोयला खदानों की 16वीं नीलामी शुरू की, 9 राज्यों के 25 ब्लॉक शामिल

2020 में निजी क्षेत्र की भागीदारी शुरू होने के बाद अब तक 147 कोयला खदानों की नीलामी, छह पहले आवंटित खदानों के लिए विकास एवं उत्पादन समझौते भी हुए.

1 hour ago

टाटा संस लिस्टिंग पर टाटा ट्रस्ट्स की असहमति, दूसरे विकल्प तलाशने का फैसला

17 सितंबर को हुई टाटा संस के निदेशक मंडल की बैठक में टाटा ट्रस्ट्स के चेयरमैन नोएल एन. टाटा ने समूह की एक सदी से अधिक पुरानी संरचना को बनाए रखने के पक्ष में ट्रस्ट्स का रुख दोहराया.

2 hours ago