✕

होम / बिजनेस / OFB के निगमीकरण के विरोध में आए कर्मचारी संगठन, रक्षा मंत्रालय पर लगाया ये बड़ा आरोप

OFB के निगमीकरण के विरोध में आए कर्मचारी संगठन, रक्षा मंत्रालय पर लगाया ये बड़ा आरोप

देश भर में चल रही ऑर्डिनेंस फैक्ट्री बोर्ड की फैक्ट्रियों के निगमीकरण के विरोध में कर्मचारी संगठन आ गए हैं.

बिजनेस वर्ल्ड ब्यूरो 4 years ago

नई दिल्लीः देश भर में चल रही ऑर्डिनेंस फैक्ट्री बोर्ड की फैक्ट्रियों के निगमीकरण के विरोध में कर्मचारी संगठन आ गए हैं. कर्मचारियों ने आरोप लगाया की रक्षा मंत्रालय अपने असैनिक कर्मचारियों के साथ सौतेला व्यवहार कर रहा है. कर्मचारियों ने इस बारे में रक्षा मंत्री को पत्र लिखकर अपना दुख साझा किया है. 

दिवाली पर नहीं दिया बोनस

रक्षा मंत्री को लिखे पत्र में असैनिक कर्मचारियों ने लिखा है कि जब से केंद्र सरकार के सभी कर्मचारियों को बोनस मिला है,तब से वे बहुत परेशान हैं. दिवाली पर रक्षा नागरिक कर्मचारियों को बोनस का भुगतान नहीं किया गया है और इसलिए उन्हें बिना बोनस के दिवाली त्योहार मनाने के लिए मजबूर होना पड़ा. यहां तक ​​कि निजी कंपनियों और सार्वजनिक क्षेत्र ने भी अपने कर्मचारियों को बोनस का भुगतान किया है.

आयुध कारखानों के निगमीकरण का विरोध

रक्षा असैनिक कर्मचारी पहले से ही बहुत परेशान हैं और वे आयुध कारखानों के निगमीकरण के सरकार के फैसले और रक्षा असैनिक कर्मचारियों के सामने आने वाली समस्याओं के खिलाफ लगातार लड़ रहे हैं. 4 आयुध सहित कई आयुध निर्माणियां टीसीएल के तहत आने वाली फैक्ट्रियों पर आने वाले वर्षों में कोई काम नहीं है. 25 अक्टूबर, 2022 को AIDEF ने रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह के पास एक विरोध दर्ज कराया है, जिसमें उन्होंने शिकायत की है कि रक्षा मंत्रालय का रक्षा नागरिक कर्मचारियों के प्रति सौतेला व्यवहार है.

5.25 लाख करोड़ का बजट भी नाकाफी

एआईडीईएफ ने बताया है कि भले ही रक्षा मंत्रालय का बजट 5.25 लाख करोड़ रुपये है, रक्षा मंत्रालय कर्मचारियों के कल्याण और लाभों पर कोई निर्णय लेने की स्थिति में नहीं है. हर मुद्दे के लिए रक्षा मंत्रालय कार्मिक मंत्रालय और वित्त मंत्रालयों से संपर्क कर रहा है और वे मंत्रालय रक्षा नागरिक कर्मचारियों के प्रति उदासीन हैं.

रेलवे के साथ भी नहीं भेदभाव, तो उनके साथ क्यों

फेडरेशन ने अपने पत्र में कई उदाहरण उद्धृत किए हैं जहां रेलवे और अन्य केंद्र सरकार के कर्मचारियों के साथ तुलना करने पर उनके साथ भेदभाव किया जाता है. उनकी सबसे बड़ी चिंता यह है कि पिछले 2 वर्षों से मृतक कर्मचारियों के आश्रितों को अनुकंपा के आधार पर नियुक्ति देना भी बंद कर दिया गया है जब ऐसा कोई सरकारी निर्णय नहीं है. अन्य सभी सरकारी विभाग अनुकंपा नियुक्ति की पेशकश कर रहे हैं.

सुप्रीम कोर्ट के फैसले के आधार पर एक सरकारी आदेश जारी किया गया है कि अधिकारियों द्वारा कर्मचारियों की गलती के कारण कर्मचारियों को किए गए किसी भी अतिरिक्त भुगतान की वसूली नहीं की जानी चाहिए. हालांकि, रक्षा मंत्रालय में इस आदेश को लागू नहीं किया जाता है और सेवानिवृत्त कर्मचारियों सहित कर्मचारियों से उनके टर्मिनल लाभों से लाखों रुपये वसूल किए जाते हैं.

रेलवे को भी यूनियन का लाभ

एआईडीईएफ ने आगे बताया है कि रेलवे कर्मचारियों के पास सभी अराजपत्रित कर्मचारियों के लिए पूर्ण ट्रेड यूनियन अधिकार हैं, वहीं नियमों की गलत व्याख्या करके रक्षा नागरिक कर्मचारियों के लिए इसे अस्वीकार किया जा रहा है. यहां तक ​​कि ट्रेड यूनियन के अधिकारों से सैन्य अस्पतालों और प्रशिक्षण केंद्रों के कर्मचारियों को पूरी तरह से वंचित कर दिया गया है. इस तथ्य के बावजूद कि श्रम मंत्रालय ने स्पष्ट किया है कि अस्पताल और शैक्षणिक संस्थान "उद्योग" हैं और इसलिए ट्रेड यूनियन अधिकारों की अनुमति है.

फेडरेशन ने रक्षा मंत्री के संज्ञान में करीब 21 ऐसे मुद्दे लाए हैं जिनमें रक्षा मंत्रालय उनके साथ सौतेला व्यवहार कर रहा है. यहां तक ​​कि इन सभी मुद्दों को निपटाने के लिए फेडरेशनों के साथ बैठक भी नहीं की जा रही है. उन्होंने मंत्री को यह भी बताया है कि 15 से 18 नवंबर, 2022 तक कानपुर में होने वाले उनके राष्ट्रीय अधिवेशन में इन सभी मुद्दों पर चर्चा की जाएगी.

VIDEO: इस कार कंपनी ने लॉन्च की 3 नई SUV, X-Trail की 8 साल बाद होगी वापसी

 


टैग्स
सम्बंधित खबरें

अडानी पोर्ट्स का यूरोप में बड़ा दांव, €2.56 अरब में Evos का अधिग्रहण करेगी कंपनी

नीदरलैंड की कंपनी Evos में 100% हिस्सेदारी का अधिग्रहण करेगी APSEZ, यूरोप के 5 देशों में 8 पोर्ट टर्मिनल मिलेंगे; सौदे से कंपनी की वैश्विक मौजूदगी 10 देशों में 28 बंदरगाहों और टर्मिनल तक पहुंचेगी.

5 hours ago

अमेरिकी मध्यावधि चुनाव के नतीजों से भारत पर तेल और व्यापार का जोखिम बरकरार, टैरिफ से जल्द राहत की उम्मीद नहीं: रिपोर्ट

अमेरिकी कांग्रेस के दोनों सदनों में डेमोक्रेटिक पार्टी का नियंत्रण बढ़ने से ईरान के साथ कूटनीतिक बातचीत को मिल सकता है बढ़ावा, लेकिन रूसी तेल की खरीद और अमेरिकी व्यापार नीतियों को लेकर भारत की चुनौतियां बनी रहेंगी

6 hours ago

धनतेरस से पहले बाजार में तेजी, सेंसेक्स उछला; निवेशकों की संपत्ति में ₹8 लाख करोड़ बढ़े

BSE का मार्केट कैप पहली बार 500 लाख करोड़ रुपये के पार, निफ्टी भी 24,500 के ऊपर बंद; कच्चे तेल में गिरावट, विदेशी निवेशकों की खरीदारी और रुपये में मजबूती से बाजार को मिला सहारा

6 hours ago

महिंद्रा एंड महिंद्रा का मुनाफा 25% बढ़कर ₹4,588 करोड़, ऑटो कारोबार ने दिखाई दमदार ग्रोथ

जुलाई-सितंबर तिमाही में कंपनी का रेवेन्यू भी 25% बढ़कर ₹57,553 करोड़ पहुंचा. ऑटो कारोबार का मुनाफा 55% बढ़ा, जबकि ट्रैक्टर कारोबार की बिक्री में 6% की गिरावट दर्ज की गई.

7 hours ago

टेलीकॉम कंपनियों पर TRAI की सख्ती, इंटरकनेक्शन में देरी पर लगेगा 1 करोड़ रुपये तक जुर्माना

टेलीकॉम रेगुलेटर ने इंटरकनेक्शन नियमों में संशोधन करते हुए जुर्माने का नया ढांचा पेश किया है. रिपोर्टिंग में देरी पर 25 लाख रुपये और इंटरकनेक्शन से जुड़े उल्लंघनों पर 1 करोड़ रुपये तक का जुर्माना लगाया जा सकेगा. नए नियम 1 जनवरी 2027 से लागू होंगे.

8 hours ago


बड़ी खबरें

धनतेरस से पहले बाजार में तेजी, सेंसेक्स उछला; निवेशकों की संपत्ति में ₹8 लाख करोड़ बढ़े

BSE का मार्केट कैप पहली बार 500 लाख करोड़ रुपये के पार, निफ्टी भी 24,500 के ऊपर बंद; कच्चे तेल में गिरावट, विदेशी निवेशकों की खरीदारी और रुपये में मजबूती से बाजार को मिला सहारा

6 hours ago

अडानी पोर्ट्स का यूरोप में बड़ा दांव, €2.56 अरब में Evos का अधिग्रहण करेगी कंपनी

नीदरलैंड की कंपनी Evos में 100% हिस्सेदारी का अधिग्रहण करेगी APSEZ, यूरोप के 5 देशों में 8 पोर्ट टर्मिनल मिलेंगे; सौदे से कंपनी की वैश्विक मौजूदगी 10 देशों में 28 बंदरगाहों और टर्मिनल तक पहुंचेगी.

5 hours ago

महिंद्रा एंड महिंद्रा का मुनाफा 25% बढ़कर ₹4,588 करोड़, ऑटो कारोबार ने दिखाई दमदार ग्रोथ

जुलाई-सितंबर तिमाही में कंपनी का रेवेन्यू भी 25% बढ़कर ₹57,553 करोड़ पहुंचा. ऑटो कारोबार का मुनाफा 55% बढ़ा, जबकि ट्रैक्टर कारोबार की बिक्री में 6% की गिरावट दर्ज की गई.

7 hours ago

अमेरिकी मध्यावधि चुनाव के नतीजों से भारत पर तेल और व्यापार का जोखिम बरकरार, टैरिफ से जल्द राहत की उम्मीद नहीं: रिपोर्ट

अमेरिकी कांग्रेस के दोनों सदनों में डेमोक्रेटिक पार्टी का नियंत्रण बढ़ने से ईरान के साथ कूटनीतिक बातचीत को मिल सकता है बढ़ावा, लेकिन रूसी तेल की खरीद और अमेरिकी व्यापार नीतियों को लेकर भारत की चुनौतियां बनी रहेंगी

6 hours ago

टेलीकॉम कंपनियों पर TRAI की सख्ती, इंटरकनेक्शन में देरी पर लगेगा 1 करोड़ रुपये तक जुर्माना

टेलीकॉम रेगुलेटर ने इंटरकनेक्शन नियमों में संशोधन करते हुए जुर्माने का नया ढांचा पेश किया है. रिपोर्टिंग में देरी पर 25 लाख रुपये और इंटरकनेक्शन से जुड़े उल्लंघनों पर 1 करोड़ रुपये तक का जुर्माना लगाया जा सकेगा. नए नियम 1 जनवरी 2027 से लागू होंगे.

8 hours ago